बीजेपी की वसुंधरा राजे के नेतृत्व में राजस्थान ने पार्टी में ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। बीजेपी ने अपने 1998 की जीत को भी पार करते हुए 199 में विधानसभा क्षेत्रों में से 162 में जीत दर्ज की है।
प्रदेश की जनता ने कांग्रेस के सीएम अशोक गहलोत के तमाम दावों पर नजर भी नहीं दिखाई और उनकी पार्टी को महज 21 सीट मिली। वहीं बीएसपी को 3 सीट, नेशनल पीपुल्स पार्टी को 4 सीट, नेशनलिस्ट यूनियस्टि जमींदार पार्टी को 2 सीट तो निर्दलीय उम्मीदवारों को 7 सीट मिली है।
गहलोत और चंद्रभान का इस्तीफा
रुझानों को देखते हुए दोपहर से पहले ही गहलोत ने संवाददाताओं से कहा कि मैं अपनी हार कबूल करता हूं। इसके बाद कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. चंद्रभान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। वहीं बीजेपी की ओर से सीएम उम्मीदवार वसुंधरा राजे ने जीत का सेहरा जनता के सिर बांधा और कहा कि नरेंद्र मोदी देश के अगले पीएम बनेंगे।
फोटो गैलरीः राजस्थान में लौटीं 'महारानी'
राज्य की जनता ने लगातार पिछले तीन चुनावों में बीजेपी और कांग्रेस की सरकार को एक के बाद एक करके मौका दिया है।
2014 के चुनाव पर पड़ेगा सीधा असर
बीजेपी की इस जीत से 2014 में होने वाले लोकसभा चुनाव के लिए पार्टी का उत्साह दोगुना होगा। चुनाव के दौरान पार्टी के उठाए गए मुद्दे भी सही साबित हुए। राजस्थान में बीजेपी की लहर का बड़ा फायदा नरेंद्र मोदी को भी मिलेगा। वहीं वसुंधरा राजे की पार्टी में छवि और दमदार क्षत्रप के रूप में स्थापित होगी।
200 विधानसभा सीटों वाली राजस्थान में 199 सीटों पर चुनाव हुए थे। चुरु विधानसभा में बीएसपी विधायक जगदीश के निधन के कारण इस सीट पर चुनाव नहीं हुए थे।