सिरोही जिले के आबूरोड में समुदाय विशेष के युवक द्वारा सोशल मीडिया पर की गई भड़काऊ पोस्ट पर उपजा विवाद दूसरे दिन भी जारी रहा। मामले में आबूरोड शहर पुलिस द्वारा तीन युवाओं को शांतिभंग के आरोप में गिरफ्तार करने की करवाई पर हिंदूवादी संगठन ने असंतोष जताया है।
हिंदूवादी संगठन का प्रतिनिधिमंडल ने शनिवार को आबूरोड शहर पुलिस थाना पहुंचा। इस दौरान जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक के नाम आबूरोड शहर थाना अधिकारी भगवनाराम को ज्ञापन देकर दोषियों के खिलाफ सख्त कारवाई की मांग की गई। ऐसा नहीं करने पर आंदोलन करने की चेतावनी भी दी गई।
ज्ञापन में बताया गया है कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के बाद गत 22 जनवरी 2024 को अयोध्या में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य गणमान्य लोगों द्वारा भगवान श्रीराम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा की जा रही थी। इस दौरान mr.faran 009 और mr_anas khan012 समेत कई इंस्टाग्राम आईडी पर बाबरी मस्जिद की फोटो लगाकर लिखा गया कि जब वक्त हमारा आएगा तब सिर... किए जाएंगे। इस तरह की पोस्ट से धार्मिक भावनाओं को उकसाकर राष्ट्रीय भावनाओं को आहत करने और दंगा भड़काने की कोशिश की गई।
इस पोस्ट को 22 जनवरी 2024 को अपराह्न 3 बजे तक करीब 1.76 लाख लोगों द्वारा शेयर भी किया जा चुका था। यह पोस्ट मील मोहल्ला निवासी मोहम्मद अनस पुत्र अब्दुल समद, घोसी मोहल्ला निवासी मोहम्मद फरहान पुत्र मोहम्मद अशरफ और मोहम्मद अशरफ पुत्र यजीद खां द्वारा इंस्टाग्राम आईडी पर की गई थी। इसी तरह की धमकी उदयपुर में टेलर कन्हैयालाल को दी गई थी और उसकी हत्या कर दी गई थी।
ऐसे में अगर समय रहते इस तरह की गतिविधियों की गहनता से छानबीन नहीं की गई तो आतंकवादी गतिविधियां बढ़ने का खतरा हो सकता है। इस संभावना से भी इंकार नहीं किया जा सकता कि इस आईडी के मार्फत आंतकवादियों की स्लीपर सेल भी सक्रिय हो गई हो। मामले में उच्च स्तरीय जांच करवाकर दोषियों के विरुद्ध सख्त कारवाई की जाए। ज्ञापन में कहा गया कि मामले में गंभीरता नहीं दिखाने पर सर्व हिंदू समाज द्वारा आंदोलनात्मक रूख अपनाया जाएगा। डीवाईएसपी अचलसिंह ने मामले में लिखित रिपोर्ट के अनुसार आवश्यक कारवाई करने का आश्वासन दिया है।