राजस्थान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पर जमकर जुबानी हमला बोला है। उन्होंने कहा कि मैंने मुख्यमंत्री का बयान सुना। लगातार उनके बयान सुनता आ रहा हूं। वे बौखलाहट और निराशा में देश के लिए आशंका व्यक्त कर रहे हैं।
पूनिया ने कहा कि मुझे लगता है कि उनको सोचना चाहिए देश में और राजस्थान में 55 वर्षों तक कांग्रेस को शासन करने का अवसर मिला था। देश में अराजकता, महंगाई भ्रष्टाचार, जातिवाद, वोटबैंक तुष्टिकरण इन सब की जनक कांग्रेस है। गहलोत भूल जाते हैं कि आपातकाल का जनक कौन है। सिखों के नरसंहार का दोषी कौन है।
भाजपा पर आरोप लगाने से होती है गहलोत जी की गुड मॉर्निंग
भाजपा प्रदेशाअध्यक्ष ने कहा कि कश्मीर का दोषी कौन है। भारत के विभाजन का दोषी कौन है। यह तमाम बातें हैं, जिनसे कांग्रेस कठघरे में है। देश की जनता ने कांग्रेस को नीतियों और व्यवहार से नकार दिया। इसलिए अशोक गहलोत की गुड मॉर्निंग भारतीय जनता पार्टी के नेताओं, प्रधानमंत्री, गृहमंत्री, राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय संघसेवक संघ इन सब पर प्रतिदिन झूठे और तथ्यहीन आरोप लगाने से होती है।
उन्हें पार्टी के बाहर और भीतर चुनौती मिली है
देश के कांग्रेस मुक्त होने की अशोक गहलोत की यह बौखलाहट है। उनकी असुरक्षा उनके चेहरे पर हाव भाव से कि उनको पहली बार चुनौती पार्टी के भीतर और बाहर मिली है। उनको तीसरी असुरक्षा कुर्सी के जाने की है। मुझे लगता है कि कुर्सी पर लंबे समय तक कोई काबिज नहीं होता।
पूनिया बोले राजस्थान के लिए जनता ने उनको बहुत लंबे समय तक अवसर दिया है पर मुझे लगता है कि इस तरीके की सियासी बयानबाजी से उन्हें कुछ हासिल नहीं होगाl अशोक गहलोत को इस बात का अभी से एहसास हो चुका है कि 2023 में कांग्रेस की ऐतिहासिक हार होगी। जिसके कारक स्वयं अशोक गहलोत और उनकी जनविरोधी नीतियां होंगी।