गुलाबचंद कटारिया और अशोक चांदना
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राजस्थान में 13 से शुरू हो रहे नव संकल्प चिंतन शिविर और बीजेपी राष्ट्रीय पदाधिकारियों की मंथन को लेकर नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया और खेल मंत्री अशोक चांदना में जुबानी जंग शुरू हो गई है। नेता प्रतिपक्ष कटारिया ने कहा कि कांग्रेस और गहलोत की स्थिति चिंताजनक है। इसलिए चिंतन जरूरी है।
नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि गहलोत की स्थिति ज्यादा चिंताजनक है क्योंकि गहलोत समर्थक किसी भी नेता को चिंतन शिविर में जगह नहीं मिली है। सचिन पायलट को चिंतन शिविर में जगह मिली, इससे अंदाजा लगा ले कि आलाकमान के गहलोत के बारे में क्या सोचती है।
भाजपा शानदार बजट से बौखलाई
उदयपुर में 13 से 15 मई तक कांग्रेस पार्टी का चिंतन शिविर आयोजित होगा। जिसमें सोनिया गांधी, राहुल गांधी समेत पार्टी के कई दिग्गज नेता शामिल होंगे। वहीं गहलोत सरकार में खेल मंत्री अशोक ने कहा कि राजस्थान सरकार की शानदार बजट से भाजपा बौखला गई है। इसलिए भाजपा को मंथन करना पड़ रहा है।
इस बार टूटेगी पांच साल वाली परिपाटी
अशोक चांदना ने कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जो बजट पेश किया है, उससे बीजेपी के नेताओं को अपनी जमीन तलाशना पड़ रही है। खेल मंत्री के अनुसार राजस्थान में अब तक यह परिपाटी रही है कि पांच साल भाजपा और पांच साल कांग्रेस की सरकार रहती है लेकिन इस बार यह परिपाटी टूटेगी।
चांदना ने कहा फील्ड में जाकर देखें तो कोई भी ऐसा नहीं है जो प्रदेश सरकार की योजनाओं की बुराई करे और इसी कारण भाजपा को कोई मुद्दा नहीं मिल रहा। खेल मंत्री ने कहा कि भाजपा नेताओं को चुनाव जीतने के लिए बहुत से काम करने पड़ रहे हैं। जिसे जनता भी जानती है लेकिन गलत रास्ते पर चलकर सही मंजिल नहीं पाई जा सकती।