अपनी जमानत की सवा दो वर्षों से आस लगा रहे नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में जोधपुर केन्द्रीय कारागार में बंद आसाराम के लिए सोमवार को भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने अदालत में बहस की। आठवीं बार लगाई गई जमानत याचिका पर अदालत का फैसला 8 जनवरी को आ सकता है।
आसाराम की पैरवी करने स्वामी विशेष विमान से जोधपुर हवाई अड्डे उतरे और सीधे बचाव पक्ष के अन्य वकीलों से चर्चा करने पहुंचे। अदालत के बाहर काफी भीड़-भाड़ रही। स्वामी ने जिला एवं सेशन न्यायाधीश मनोज कुमार व्यास के सामने आसाराम की जमानत को लेकर अपने तर्क रखे।
स्वामी ने कहा कि आसाराम की आयु को देखते हुए जमानत दिए जाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मामला घटने के काफी दिन बाद दर्ज करवाया गया, जो मामले को संदिग्ध बता रहा है। पीड़िता के शरीर पर किसी तरह के निशान नहीं पाए गए। साथ ही, स्वामी ने पीड़िता के नाबालिग होने पर भी सवाल उठाया।