मालाखेड़ा जिले के मालाखेड़ा उपखंड क्षेत्र के ग्राम मोरेड़ा में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। बस्ती के बीच से गुजर रही हाई वोल्टेज बिजली लाइन का तार अचानक टूटकर नीचे गिर गया। करंट की चपेट में आने से एक ही परिवार के करीब 33 बकरों की मौत हो गई। हादसे के समय बड़ा जनहानि का खतरा भी बना रहा, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि ऊपर वाले की कृपा से पशुपालक परिवार और अन्य लोग बाल बाल बच गए।
लाइनमैन को फोन किया, लेकिन सप्लाई बंद नहीं हुई
घटना के बाद गांव में अफरा तफरी मच गई। सरपंच इमरान खान ने बताया कि तार टूटते ही बिजली विभाग के लाइनमैन को बार बार फोन किया गया, लेकिन उसने फोन नहीं उठाया। बिजली सप्लाई समय पर बंद नहीं की गई। इसी वजह से काफी देर तक करंट दौड़ता रहा और बकरों की एक एक कर मौत होती गई। पीड़ित इलियास पुत्र फूल खान ने बताया कि यह नुकसान उनके परिवार की रोजी रोटी पर सीधा असर है।
सरपंच ने लगाए गंभीर आरोप
सरपंच इमरान खान ने कहा कि वह सरपंच होते हुए भी पीड़ित परिवार की कोई मदद नहीं कर पाए। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र में भ्रष्टाचार चरम पर है और गरीब की सुनने वाला कोई नहीं है। उन्होंने बताया कि घटना की सूचना प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस और पशुपालन विभाग को दे दी गई थी, लेकिन दोपहर 12:30 बजे तक पशुपालन विभाग का कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा।
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200 से ज्यादा लोग मौके पर जुटे
घटना की खबर फैलते ही गांव में करीब 200 से अधिक लोग मौके पर जमा हो गए और प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई। ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय रहते बिजली बंद कर दी जाती तो इतना बड़ा नुकसान नहीं होता। हादसे के बाद भी प्रशासन के मौके पर नहीं पहुंचने से लोगों का गुस्सा और बढ़ गया है। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को मुआवजा देने, दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई करने और बस्ती से गुजर रही हाई वोल्टेज लाइनों को सुरक्षित करने की मांग की है। फिलहाल गांव में आक्रोश का माहौल बना हुआ है।