राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने शुक्रवार को जहां थ्री बीआरडी के जांबाज वायु सैनिकों का मान बढ़ाया, वहीं पीजीआई में डॉक्टरों को डिग्रियां बांटकर समाजसेवा की मिसाल पेश करने का उनमें जोश भरा।
राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने थ्री बीआरडी और एयर फोर्स सेंट्रल मेडिकल एस्टेब्लिशमेंट (एएफसीएमई) को प्रेसीडेंशियल कलर्स (ध्वज सम्मान) प्रदान किए।
इस मौके पर वायु सेना की दोनों इकाईयों के एयर ऑफिसर कमांडिंग (एओसी) ने राष्ट्रपति से यह सम्मान ग्रहण किए। इन दोनों को अपने क्षेत्र में बेहतरीन प्रदर्शन के लिए नवाजा गया।
थ्री बेस रिपेयर डिपो में उन्होंने कहा कि देश आर्थिक प्रगति की ओर तो अग्रसर हो रहा है, लेकिन रक्षा सेवाओं को और सुदृढ़ करने की आवश्यकता है। किसी भी विवाद का हल बातचीत के जरिये संभव है, लेकिन आक्रामकता से देश को बचाने के लिए हमें खुद को तैयार रखना होगा।
क्षेत्रीय अखंडता को बनाए रखने के लिए हमें पूरी ताकत झोंकनी होगी। इसमें भारतीय वायु सेना को भी अहम भूमिका निभानी होगी। उन्होंने वायु सैनिकों की बहादुरी को सलाम करते कहा कि उनकी बदौलत ही देश की सेना ने अपनी पहचान बनाई है।
इस मौके पर पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक शिवराज पाटिल, हरियाणा के राज्यपाल जगन्नाथ पहाड़िया और मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के अलावा वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एनएके ब्राउन, एओसी (मेंटेनेंस कमांड) एयर मार्शल जगदीश चंद्र, एओसी थ्री बीआरडी एयर कमोडोर सुरेश सिंह और एयर कमोडोर सीके रंजन मौजूद थे।