मणिमहेश यात्रा पर गए पंजाब के युवक की मौत हो गई। युवक के सीने में तेज दर्द उठा, जिसके बाद उससे अस्पताल ले जाया जा रहा था। लेकिन उसकी रास्ते में ही मौत हो गई।
मणिमहेश यात्रा पर गए पठानकोट के एक श्रद्धालु की मौत हो गई है। एक के सीने में तेज दर्द का कारण सामने आया है। मृतक की पहचान मोहिंद्र पाल पुत्र संदीप भंडारी निवासी वार्ड नं. 61 निकट काली माता मंदिर पठानकोट के रूप में हुई है।
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मोहिंद्र मणिमहेश यात्रा पर जा रहा था इस दौरान भरमाणी स्नान के बाद वह अगले पड़ाव की तरफ बढा। लेकिन, कुछ ही दूरी पर पहुंचने के बाद उसके सीने में अचानक तेज दर्द शुरू हो गया और वे जमीन पर गिर गया। मोहिंद्र को अन्य श्रद्धालुओं ने भरमौर अस्पताल पहुंचाया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे मेडिकल कालेज चंबा रेफर कर दिया गया। चंबा अस्पताल ले जाते समय मोहिंद्र ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। इस मामले की पुष्टि एसपी चंबा ने की है। हिमाचल प्रशासन ने मोहिंद्र पाल के शव को उसके परिवार को सौंप दिया है और परिवार ने मृतक का संस्कार वीरवार को कर दिया है।
इससे एक दिन पहले पठानकोट से मणिमहेश यात्रा पर जा रहे श्रद्धालुओं की टाटा सूमो गाड़ी खाई में जा गिरी, जिससे गाड़ी में सवार तीन श्रद्धालुओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 11 घायल हो गए। श्रद्धालु भरमाणी माता के दर्शन करने जा रहे थे, तभी गलोठी में चालक ने नियंत्रण खो दिया और गाड़ी (एचपी 02-सी 0345) खाई में जा गिरी।
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मृतकों की पहचान नेहा (21) पुत्री जनक, दीक्षा (39) पत्नी राजेश कुमार और लाडी (संतरूप) के रूप में हुई है। सभी मृतक पठानकोट के रहने वाले थे। घायलों में आरती पत्नी संतरूप, मानव पुत्र अशोक कुमार, सौरव पुत्र सुमन कुमार, राजेश पुत्र नेक राम, विशाल कुमार, शिखा पुत्री राज कुमार, राहुल गुलाटी पुत्र बलजीत, गौरव पुत्र राकेश कुमार सभी निवासी पठानकोट, विवेक कुमार पुत्र पप्पन शाहीन निवासी बुलंदशहर (उत्तर प्रदेश), आशीष पुत्र गुड्डू निवासी हरदोई (उत्तर प्रदेश) और चालक नवीन कुमार पुत्र खेमराज निवासी भरमौर के रूप में हुई है।