मोहाली। शहर में अपराधी आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देकर बड़े आराम से बच निकलकर भाग जाते हैं। इसके पीछे वजह शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर सीसीटीवी कैमरों का न होना है। दूसरी ओर अलग-अलग पुलिस थाना प्रमुखों ने प्रशासन को पत्र लिखकर सार्वजनिक स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की अपील की है।
जानकारी के मुताबिक फेज-11 से फेज-1 तक के रिहायशी एरिया में आए दिन सड़क दुर्घटनाएं सामने आती रहती हैं और इन दुर्घटनाओं में कोई न कोई व्यक्ति जान से हाथ गंवा चुका है। दूसरी ओर, पुलिस द्वारा कार्रवाई को अंजाम तो दे दिया जाता है, परन्तु जांच तब पूरी नहीं हो पाती जब वारदात को अंजाम देने वाले आपराधी का कई-कई महीने बीत जाने के बाद सुराग नहीं मिलता। हालांकि कुछ दुर्घटनाओं में रिहायशी क्षेत्रों में लोगों द्वारा लगाए सीसीटीवी कैमरे केस को हल करने में मददगार जरूर साबित हुए पर अभी भी कई ऐसे केस हैं जो आजतक ट्रेस न होने की वजह से अनसुलझे ही पड़े हैं।
बड़ी संख्या में दूसरे जिलों से आते हैं लोग
फेज-1 से फेज-11 तक शॉपिंग स्ट्रीट में स्थानीय लोगों के अलावा बाहरी जिलों से युवा यहां घूमने आते हैं और नामी स्टोर्स में देर रात तक शॉपिंग करते हैं। शॉपिंग स्ट्रीट में युवा घूमने के अलावा क्लबों में देर रात तक पार्टियों में मौज-मस्ती करते हैं। इलाके में अधिकतर सड़क हादसों की घटनाएं देर रात रिकार्ड की जाती है और इन सड़क हादसों में अकसर युवा शामिल होते हैं। वे वारदात को अंजाम देकर चले जाते हैं और ट्रेस भी नहीं हो पाते।
क्या कहते हैं अधिकारी
क्षेत्र में लोग देर रात तक शॉपिंग करते हैं और युवा अक्सर किसी न किसी वारदात को अंजाम देकर चले जाते हैं। परेशानी तब आती है जब लोग वारदात को अंजाम देकर अपने जिलों में चले जाते हैं और सीसीटीवी न होने की वजह से ट्रेस नहीं हो पाते। -गगनदीप सिंह, प्रभारी, फेज-11 पुलिस थाना
क्षेत्र में स्नैचिंग और लूटपाट की घटनाओं को अंजाम देकर अपराधी आराम से निकल जाते हैं। सीसीटीवी न होने से हमेशा इन अपराधियों को ट्रेस करने में दिक्कत आती है इसलिए प्रशासन को पत्र लिखकर सार्वजनिक स्थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग की है। -अजितेश कौशल, प्रभारी, फेज-8 पुलिस थाना