डेराबस्सी। प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड की तरफ से क्षेत्र की केमिकल फैक्ट्रियों में से लिए गए सात पानी के सैंपल में से एक फैक्टरी का सैंपल फेल आया है जबकि बाकी छह में से एक की रिपोर्ट संदिग्ध आई है। इसके अलावा बाकी छह की रिपोर्ट ठीक आई है। संदिग्ध रिपोर्ट वाली फैक्टरी का प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड की तरफ से बुुधवार फिर पानी का सैंपल लेकर लैब में भेजा गया है। इसकी रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
दूसरी ओर एक फैक्टरी की रिपोर्ट फेल आने के बाद एसडीएम डेराबस्सी कुलदीप बावा, नगर काउंसिल जीरकपुर के प्रधान उदयवीर सिंह ढिल्लों व अन्य प्रशासनिक अधिकारियों को साथ लेकर दौरा किया। इस दौरान उन्होंने किसानों के साथ मुलाकात कर भरोसा दिया कि प्रदूषण फैलाने वाली उद्योगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। एसडीएम बावा ने भरोसा दिया कि जिस उद्योग के सैंपल फेल आए हैं उसके खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के चेयरमैन को कार्रवाई के लिए लिख दिया है। हरीपुर कूड़ा में स्थित नेक्टर लाइफ साइंस -2 की रिपोर्ट फेल आई है।
गांववासियों ने दी थी शिकायत
बता दें कि बीते दिनों गांव हैबतपुर सहित अन्य गांव वासियों की तरफ के पास के स्थित केमिकल उद्योगों पर प्रदूषण फैलाने का आरोप लगाते हुए शिकायत दी थी। किसानों ने आरोप लगाया था कि कंपनी की तरफ से छोड़े जा रहे दूषित पानी से उनकी फसलें खराब हो रही हैं। इसके अलावा इनकी ओर से नियमों की अनदेखी करते हुए छोड़े जाते दूषित पानी के कारण धरती के ऊपर बरसाती नालों में बह रहे व धरती के नीचे का पानी पूरी तरह से प्रदूषित हो गया है। इस पानी का प्रयोग कर तैयार हो रही फसलें भी प्रदूषित तैयार हो रही हैं। इसके साथ लोग गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। क्षेत्र में कैंसर जैसी बीमारी पैर पैसार रही है। कई लोग इस बीमारी के चपेट में आने के कारण जान गवां चुके है। उद्योग की चिमनियों में से निकलने वाले हर समय पर जहरीले धुएं के साथ जहां वातावरण प्रदूषित हो रहा है। वहीं, लोग सांस, चमड़ी सहित अन्य गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं।
कैप्शन -एसडीएम व ढिल्लों गांव का दौरा कर किसानों के साथ मौके का दौरा करते हुए।