मोहाली। आगामी मानसून सीजन में बाढ़ जैसी आपात स्थितियों से निपटने के लिए जिला प्रशासन उचित रणनीति बनाकर जुट गया है। सीवरेज व नालों की सफाई से लेकर सारे इंतजाम पूरे के करने के लिए अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। डीसी अमित तलवार ने साफ किया है कि इस काम में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वह जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स में विभिन्न विभागों के अधिकारियों संग बैठक कर रहे थे।
डीसी ने कहा कि फ्लड लाइट, सर्च लाइट, लाइफ जैकेट आदि का पहले से निरीक्षण किया जाना चाहिए। यदि किसी उपकरण की मरम्मत की जरूरत है तो उन्हें पहल के आधार ठीक करवाया जाए। मानसून से पहले शहरों और गांवों के नालों और सीवरेज की सफाई कराई जाए। किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो जिम्मेदारी जिस व्यक्ति को सौंपी जाए, वह उसे पूरी लगन और ईमानदारी से पूरा करे। संबंधित विभागों द्वारा नालों आदि की सफाई, सुरक्षित पेयजल, डॉक्टरों और दवाओं की टीम, पशुओं के टीकाकरण, दूरसंचार व्यवस्था, निर्बाध बिजली और सुरक्षा आपूर्ति, वाहनों की व्यवस्था, वायरलेस सेट की व्यवस्था, तैराकों, नाविकों और गोताखोरों आदि की सूची पहले ही तैयार कर ली जाए।
वहीं पानी की उचित निकासी के लिए गांव के तालाबों की समय पर सफाई सुनिश्चित की जाए। बरसात के मौसम में क्षतिग्रस्त सड़कों की तुरंत मरम्मत कर आवाजाही शुरू करवाई जाएगी। यदि कोई पेड़ हवा के कारण सड़क पर गिरता है तो पेड़ को हटाने के लिए तुरंत कार्रवाई की जाएगी। संबंधित विभागों के अधिकारियों को गांवों और शहरों की सड़कों पर बंद पड़े पुलों की तुरंत सफाई कराने के निर्देश दिए। मानसून के मौसम में आपात स्थिति से निपटने के लिए गांवों और कस्बों में ऊंचे स्थानों की पहचान की जानी चाहिए ताकि लोगों के लिए सुरक्षित स्थान पर उचित व्यवस्था की जा सके।