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21 साल पुरानी पाइपें हो चुकीं जर्जर, दूषित पानी से बीमारी फैल रही घर-घर

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जीरकपुर। शहर में इस समय 21 साल पुरानी जंग खाई पानी की पाइपों की बड़ी समस्या बनी हुई है। शहर में पानी की सप्लाई के लिए करीब 21 साल पहले डाली गई पाइपें अब जर्जर हो चुकी हैं। यह आए दिन लीक कर जाती हैं। पाइपों में दूषित पानी मिक्स होने के कारण जीरकपुर में बीमारियां फैल रही हैं। इसी महीने जीरकपुर के तीन क्षेत्रों में दूषित पानी के कारण बीमारियां फैलने से एक साढ़े चार साल की मासूम बच्ची सहित दो लोगों की मौत हो चुकी है, लेकिन इसके बावजूद भी काउंसिल के पास पुरानी पाइपों को बदलने के लिए कोई ठोस योजना नहीं है।
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साल 2000 में जीरकपुर नगर काउंसिल का गठन किया गया था। उस समय शहर की आबादी बीस हजार के करीब थी, लेकिन साल 2004 के बाद इस शहर की आबादी लगातार बढ़नी शुरू हो गई। इसके बाद इस समय शहर की आबादी ढाई लाख के करीब पहुंच गई है। नगर काउंसिल की ओर से शहर बसने के साथ ही 21 साल पहले यहां पर पानी की लाइनें बिछाई गई थीं, लेकिन समय के साथ जहां शहर की आबादी बढ़ने से पानी की मांग बढ़ती रही। वहीं, समय के साथ पानी की पाइपें पुरानी होती रही। जो 21 साल बाद अब जर्जर हो चुकी हैं। शहर के ज्यादातर हिस्से में पानी की पाइपें पुरानी होने के कारण जंग लगने के कारण गल चुकी हैं।
कई इलाकों में लोग हो रहे बीमार
इसके अलावा शहर में पानी व सीवरेज की लाइन बिछाते हुए कोई ठोस योजना तैयार नहीं की। इस कारण यह दोनों लाइनें बिलकुल साथ-साथ हैं। इस कारण पानी की लाइन में सीवरेज का दूषित पानी मिक्स होना शुरू हो जाता है। इस कारण जीरकपुर में कई बाद अलग-अलग क्षेत्रों में डायरिया, हैजा सहित अन्य बीमारियां फैल चुकी हैं। इसी महीने में जीरकपुर के बलटाना, पीरमुछल्ला व सुखना कॉलोनी में दूषित पानी के कारण बीमारी फैलने के कारण कई लोग बीमार हो चुके हैं।
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अवैध कनेक्शन बनी बड़ी समस्या
शहर में पानी की पाइपें पुरानी होने के अलावा यहां पर पानी की लाइन में दूषित पानी मिक्स होने के पीछे पानी व सीवरेज के अवैध कनेक्शन एक मुख्य कारण है। नियम के मुताबिक, पानी व सीवरेज का कनेक्शन लेने के लिए बाकायदा नगर काउंसिल से मंजूरी के बाद निर्धारित ठेकेदार या काउंसिल कर्मी ही कनेक्शन कर सकते हैं, लेकिन शहरवासी बिना किसी मंजूरी के अवैध तरीके से पानी की सीवरेज का कनेक्शन जोड़ लेते हैं। इस दौरान पानी व सीवरेज की लाइन टूट जाती है। जो लीकेज होने का मुख्य कारण है।
कोट्स....
शहर के ज्यादातर हिस्से में पानी की पाइप लाइन नए सिरे से बिछाई जा रही हैं। जहां दिक्कत आती है वहां नई पाइपलाइन बिछाई जाती हैं। उन्होंने कहा कि धीरे-धीरे सारे शहर में पाइपलाइन बदल दी जाएंगी। अवैध कनेक्शन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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-गिरीश वर्मा, कार्यकारी अधिकारी, नगर काउंसिल
कैपशन-शहर में पानी की लीकेज दूर करने के लिए की गई खुदाई का दृश्य।
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