लुधियाना। स्कूल जाने में देरी होने के कारण घर लौटने के बजाय छह छात्र बंक मारकर मलेरकोटला रोड स्थित कैंड नहर पर पहुंच गए। वहां तीन छात्र नहाने के लिए कूदे और उनमें से दो डूब गए। एक बच्चे को राहगीरों ने बचा लिया। राहगीरों ने इसकी जानकारी कंट्रोल रूम को दी।
सूचना मिलने के बाद थाना डेहलों पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने गोताखोरों की मदद से शव बाहर निकलवाए। मृतकों की पहचान गुरमीत नगर निवासी विजय (15) और सुरजीत नगर निवासी आयुष (15) के रूप में हुई है। वहीं भूपिंदर सिंह को बचा लिया गया है। थाना डेहलों पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए शवों को सिविल अस्पताल में भिजवा दिया है।
तीनों को डूबते देख दोस्ताें ने मचाया शोर
थाना डेहलों के प्रभारी ने बताया कि विजय, आयुष और भूपिंदर एक ही स्कूल में 10वीं कक्षा के छात्र थे। छह दोस्त एक साथ ही स्कूल जाते थे। शनिवार को वह घर से स्कूल के लिए निकले थे, लेकिन देरी होने के कारण वह स्कूल जाने के बजाय सीधे कैंड नहर की तरफ निकल गए। वहां पर तीनों नहर में नहाने के लिए जाने लगे। उनके साथ गए अन्य तीन दोस्तों ने उन्हें नहर में उतरने के लिए मना किया था। दोस्तों की बात न मानकर तीनों ने नहर में छलांग मार दी। जब तीनों डूबने लगे तो बाहर खड़े दोस्तों ने शोर मचाना शुरू कर दिया।
शोर सुनकर राहगीरों ने एक को बचाया
शोर सुनकर राहगीरों ने नहर में कूदकर भूपिंदर को तो बचा लिया, लेकिन तेज बहाव के चलते विजय और आयुष बह गए। काफी कोशिश के बाद भी राहगीर उन्हें नहीं बचा सके। उन्होंने तुरंत इसकी जानकारी पुलिस को दी। पुलिस ने गोताखोरों को बुलाया और दोनों बच्चों के शव बाहर निकलवाए। जांच अधिकारी परमदीप सिंह ने बताया कि भूपिंदर सिंह की हालत खतरे से बाहर है। इसके अलावा रविवार को दोनों शवों का पोस्टमार्टम किया जाएगा।