गुरप्रीत ने बताया कि नहर के पास पहुंचकर चाचा प्यारा सिंह ने उसे फोन किया कि सब कुछ खत्म हो गया है और वह आत्महत्या कर रहा है। गुरप्रीत ने चाचा को समझाने और खुद वहां आने की बात भी की लेकिन प्यारा सिंह ने बताया कि घर में ताला लगा है और चाबी पाइप के पास पड़ी है। वह चाची और बहन को देख ले। उसने इलाके के लोगों को इकट्ठा किया और ताला खोला।
अंदर स्वर्णजीत कौर मृत पड़ी थी। इलाके के डॉक्टर ने राजदीप कौर के सांस चलने की बात की तो उसे फोर्टिस अस्पताल में दाखिल कराया गया। जहां इलाज के दौरान उसने भी दम तोड़ दिया। इसके बाद पुलिस की टीम दोराहा नहर के पास पहुंची। जहां गुरप्रीत का स्कूटर पड़ा था और स्कूटर पर ही मोबाइल फोन था। आशंका है कि प्यारा सिंह नहर में कूद गया है। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
क्या कहते हैं पुलिस अधिकारी
थाना मोती नगर के एसएचओ इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार ने बताया कि प्यारा सिंह का पता नहीं चल पाया है। उसकी बेटी की भी फोर्टिस अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। आशंका है कि प्यारा सिंह नहर में कूदा है। अब गोताखोरों के जरिये प्यारा सिंह का पता लगाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि फिलहाल पुलिस ने प्यारा सिंह के खिलाफ हत्या का मामला दर्जकर लिया है।