जगरांव। स्थानीय शेरपुरा रोड पर स्थित सरकारी खरीद एजेंसी पनसप के गोदाम में स्टॉक की पड़ताल के दौरान 1896 गेहूं की बोरियां गायब होने का मामला सामने आया है। मामले की जानकारी देते बस स्टैंड चौकी के इंचार्ज एएसआई दर्शन सिंह ने बताया कि पनसप के जिला मैनेजर श्यामलाल ने पुलिस को दिए अपने बयान में बताया है कि पनसप और एफसीआई की टीम द्वारा स्थानीय शेरपुरा रोड पर स्थित भंडारी कवर्ड गोदाम, भंडारी ओपन पलिंब (चक्का) में 20 दिसंबर 2021 को पनसप और एफसीआई की टीमों द्वारा स्टॉक की जांच किए जाने पर 3342 गेहूं की बोरियां कम पाई गई थी जिसका जिम्मेदारी सरकारी गोदाम के इंचार्ज वरिंदर सिंह की बनती थी जिसके लिए गोदाम के इंचार्ज वरिंदर सिंह द्वारा पनसप के लुधियाना दफ्तर में लिखती तौर पर यह माना गया था कि अगर सरकारी गोदाम में गेहूं की बोरियां कम पाई जाती हैं तो उसकी जिम्मेदारी उनकी बनती है।
उन्होंने बताया कि गोदाम इंचार्ज वीरेंद्र सिंह द्वारा पनसप को पहुंचाए नुकसान के लिए पनसप लुधियाना की तरफ से 23 दिसंबर 2021 को गोदाम के इंचार्ज वरिंदर सिंह के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए लिखा गया था और 24 दिसंबर 2021 को इंचार्ज वीरेंद्र सिंह के खिलाफ मामला दर्ज भी किया गया था। उन्होंने बताया कि उनकी स्टॉक बुक के रिकार्ड के मुताबिक 3342 गेहूं की बोरियां कम होने के बाद इंचार्ज वीरेंद्र सिंह के पास पड़ी बुक बैलेंस के अनुसार गोदाम में 87642 गेहूं की बोरियों का स्टॉक मौजूद था और इस स्टॉक में कई बार एफसीआई को लगी स्पेशल दौरान गेहूं के भंडार के डिस्पेच की निगरानी करवाने के लिए जिला दफ्तर के कर्मचारियों की कमेटी का गठन किया गया और कमेटी द्वारा जब एक बार फिर दोबारा गेहूं के स्टॉक की जांच की गई तो 1896 गेहूं की बोरियां और कम पाई गई। उन्होंने बताया कि गोदाम से गेहूं की बोरियां और कम पाए जाने का इंचार्ज वीरेंद्र सिंह ही जिम्मेदार है। चौकी इंचार्ज दर्शन सिंह ने बताया कि विभाग के जिला मैनेजर द्वारा जिला देहात के एसएसपी को दी गई शिकायत के बाद एसपी देहात के आदेशों पर आरोपी पनसप विभाग के गोदाम के इंचार्ज वीरेंद्र सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।