ट्रेवल एजेंटों पर कार्रवाई के लिए विद्यार्थियों व अभिभाविकों ने घेरा डीसी आफिस।
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जालंधर। अक्सर विदेश में बसने के इच्छुक लोग ट्रैवल एजेंटों की ठगी का शिकार हो जाते हैं और अपनी उम्र भर की कमाई से हाथ धो बैठते हैं। इस बार तो ट्रैवल एजेंटों ने पढ़ाई के लिए विदेश जाने वाले विद्यार्थियों को ही चूना लगा दिया है। ट्रैवल एजेंटों की ठगी का शिकार हुए ऐसे कई विद्यार्थियों व उनके अभिभावकों ने इंसाफ के लिए डीसी दफ्तर के बाहर धरना लगा दिया।
विद्यार्थियों के इस धरने को संयुक्त किसान मोर्चा ने भी अपना समर्थन दिया व मोर्चे के सदस्य भी विद्यार्थियों के साथ धरने पर बैठ गए। भारतीय किसान यूनियन के प्रेस सचिव गुरप्रीत सिंह ने कहा कि इस मामले में अगर पुलिस-प्रशासन ने कार्रवाई नहीं की तो विद्यार्थियों के लाखों रुपये डूब जाएंगे। वे किसी भी हालत में बच्चों के लाखों रुपये डूबने नहीं देंगे।
विद्यार्थियों के अभिभावकों ने कहा कि ट्रैवल एजेंटों ने उनके बच्चों से विदेशों में कालेज में पढ़ाई के लिए लाखों रुपये ले लिए और इसके बदले ऐसे कालेजों में दाखिला करवा दिया जो विदेशों में चल ही नहीं रहे थे। जब उनके बच्चे ट्रेवल एजेंटों के बताए कॉलेजों में पढ़ाई करने पहुंचे तो पता चला कि वह कॉलेज या तो बंद हो चुके हैं या फिर दिवालिया हो चुके हैं। इस कारण बच्चों को वापस आना पड़ा।
उन्होंने कहा कि नियम के अनुसार ऐसे कालेजों को जमा की गई फीस 45 दिन के अंदर वापस करनी होती है लेकिन उनको फीस भी वापस नहीं की जा रही है। इस कारण उन्हें अपने बच्चों के साथ धरना देने पर मजबूर होना पड़ा है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ऐसे ट्रैवल एजेंटों पर सख्त कार्रवाई करे और उनके रुपये उन्हें वापस दिलाएं।