केजरीवाल ने पंजाब सरकार के प्रॉटोकॉल को फॉलो करते हुए समारोह में जुटे लाखों लोगों को संबोधित नहीं किया और न ही भगवंत मान के साथ स्टेज साझा की। सूत्रों के मुताबिक केजरीवाल ने साफ मना कर दिया था कि यह पंजाब सरकार का कार्यक्रम है और इसमें वह एक अतिथि के रूप में शामिल होकर इसका हिस्सा बनेंगे और भगवंत मान ही इसका मुख्य चेहरा होंगे।
शपथ लेने के बाद भगवंत मान ने अपने भाषण में आखिर में दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल की तारीफ की, इतना ही नहीं उन्होंने लोगों से केजरीवाल के लिए ताली भी बजवाई। भगवंत मान ने कहा कि मैं केजरीवाल का विशेष धन्यवाद करूंगा, जिन्होंने 20-20 दिन भूख हड़ताल की। आंदोलन किया, पार्टी बनाई, पूरे देश की राजनीति में सुधार किया, मैं चाहता हूं कि सभी लोग एक बार तालियां बजाएं। इसके बाद लोगों ने ताली बजाई।
दिल्ली के विधायकों के लिए अलग गैलरी
दिल्ली से आने वाले विधायक व अधिकारियों के लिए पंडाल में ही एक अलग से गैलरी बनाई गई थी, जिसमें उनको बैठाया गया था। लाखों लोग पंडाल में मौजूद थे लेकिन चुनिंदा लोगों को ही पता था कि केजरीवाल एक अलग स्टेज पर अपने साथियों के साथ बैठे हैं। बताते हैं कि केजरीवाल से आग्रह किया गया लेकिन उन्होंने साफ मना कर दिया कि यह पंजाब सरकार का समारोह है और भगवंत मान सरकार के सीएम हैं, इसलिए वह प्रोटोकॉल को फॉलो करेंगे, इसे भंग नहीं करेंगे।