सिविल अस्पताल में उस समय हंगामा हो गया जब एक मरीज के परिजनों ने अस्पताल स्टाफ पर स्कैनिंग के एवज में अधिक रुपये लेने का आरोप लगा दिया। इसे लेकर उक्त मरीज के परिजनों ने सिविल अस्पताल में हंगामा कर दिया। मामला बढ़ता देखकर सिविल अस्पताल के एमएस को बीच बचाव में आना पड़ा।
मेडिकल सुपरिंटेंडेंट एचएस बाबा की ओर से अस्पताल के मुलाजिमों पर बनती कार्रवाई करने की बात कहने पर मामला शांत हो सका। कृष्णा नगर निवासी राजवेंदर ने कहा कि वह अपने पिता राम हटक की स्कैनिंग करवाने आया था। इस दौरान स्कैनिंग करने वालों ने उनसे 3800 रुपये फीस ले ली। उन्होंने जब इस फीस के बारे में जानकारी हासिल की तो पता चला कि स्कैनिंग फीस तो 23,50 रुपये ही बनती है।
इस बारे में मुलाजिम को कहा तो वह उनसे बुरा व्यवहार करने लगा। इसके बाद उन्होंने अपने परिवार वालों को बुलाया तो इस मामले की शिकायत सिविल अस्पताल के एमएस एचएस बावा से कर दी है। इस दौरान उक्त मरीज के हक में आए कुछ भाजपा नेताओं ने भी अस्पताल प्रबंधन को कोसा। उन्होंने इस संबंध में मेडिकल सुपरिंटेंडेंट को शिकायत की है। इसके बाद एमएस ने उन्हें मुलाजिम पर कार्रवाई करने की बात कहकर शांत किया।