मुख्यमंत्री ने आशा प्रकट की है कि इस संबंध में किसान उनकी अपील को स्वीकार करेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की विधानसभा में इन कानूनों को रद्द कर दिया गया है और इनके स्थान पर प्रदेश सरकार अपने कृषि कानून पास कर चुकी है, जिन्हें राज्यपाल की सहमति के लिए भेजा गया था लेकिन दुख की बात है कि राज्यपाल ने इन्हें राष्ट्रपति के पास अभी तक नहीं भेजा।
कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि जो कुछ भी हमारी सरकार के हाथ में है, हमने उसको हमेशा प्राथमिकता के आधार पर किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में चंडीगढ़ में किसान यूनियनों के नेताओं ने मुलाकात की। उन्होंने गन्ने का भाव 325 रुपये से बढ़ाकर 360 रुपये प्रति क्विंटल करने की मांग की थी। उन्होंने इस मांग को उसी समय मंजूर कर दिया।
कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि किसानों को प्रदेश में प्रदर्शन करने के बजाय केंद्र सरकार पर दबाव बनाना चाहिए ताकि इन किसान विरोधी कानूनों को रद्द करवाया जा सके। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि मुखलियाणा में बनने वाले सरकारी कॉलेज का भारतीय संविधान के निर्माता डॉ. भीम राव अंबेडकर के नाम पर रखा जाएगा। बता दें कि इस कॉलेज की इमारत मार्च 2022 तक बन कर तैयार हो जाएगी।