पठानकोट के मीरथल स्थित सेना के 15 गार्ड बटालियन में रविवार देर रात एक सैनिक ने बैरक में सो रहे दो हवलदारों की गोलियां मारकर हत्या कर दी। पश्चिम बंगाल निवासी हवलदार गौरी शंकर हट्टी और महाराष्ट्र निवासी हवलदार तेलांगी सूर्याकांत शेशीराव को इंसास राइफल से गोलियां मारी गई। छत्तीसगढ़ निवासी सैनिक लोकेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया और पूछताछ की जा रही है। सेना ने कोर्ट ऑफ एन्क्वायरी का भी आदेश दे दिया है। पुलिस ने आरोपी सिपाही पर हत्या और आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज किया है।
मीरथल कैंटोनमेंट में दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई। एक सैनिक ने अपने दो साथियों की सरकारी हथियार से हत्या कर दी। आरोपी भाग गया था लेकिन उसे गिरफ्तार कर लिया गया है और पूछताछ की जा रही है। नंगलभूर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। घटना के कारणों की जांच के लिए कोर्ट ऑफ एन्क्वायरी का आदेश दिया गया है। - ले. कर्नल देवेंद्र आनंद, सैन्य प्रवक्ता
पुलिस और सेना ने चलाया सर्च अभियान
दो साथियों की हत्या करने के बाद आरोपी सैनिक की तलाश में थाना नंगलभूर पुलिस और सेना ने मीरथल कैंटोनमेंट क्षेत्र के आसपास सघन तलाशी अभियान चलाया। पुलिस के मुताबिक सोमवार दोपहर बाद आरोपी लोकेश कुमार को काबू कर लिया गया है। वहीं, सैन्य अधिकारी और पुलिस आरोपी से पूछताछ में जुटे हैं। लोकेश ने दोनों अधिकारियों पर गोलियां क्यों चलाईं, इतनी बड़ी वारदात के पीछे आरोपी की क्या सोच थी। इन सवालों के जवाब अभी तक पुलिस और सेना को नहीं मिले हैं। पूरे मामले में दोनों ने चुप्पी साध रखी है।
अमृतसर में हुई थी पांच जवानों की हत्या
बता दें कि इसी साल मार्च में अमृतसर के खासा स्थित बीएसएफ की मेस में एक जवान ने फायरिंग कर दी थी। गोली चलाने वाले कांस्टेबल सहित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के पांच जवानों की मौत हो गई थी। गोली चलाने वाले जवान ने अपने साथियों को गोली मारने के बाद खुद को भी गोली मार ली थी। इसके बाद जांच में स्पष्ट हुआ था कि जवान मानसिक परेशानी से जूझ रहा था।