17 हजार से ज्यादा ऑपरेशन किया, चुनाव में भी इलाज करती रहीं
डॉ. बलजीत कौर 18 साल तक सरकारी चिकित्सक रहीं। चुनाव में भी वह लोगों का इलाज करती रहीं। आम आदमी पार्टी से टिकट मिलते ही उन्होंने चिकित्सक पद से इस्तीफा दे दिया था और पहली बार में ही चुनाव जीत गईं।
डॉ. बलजीत कौर को सियासत विरासत में मिली है। उनके पिता प्रो. साधू सिंह फरीदकोट के आम आदमी पार्टी से 2014 में सांसद चुने गए थे। डॉ. कौर आंखों की बड़ी सर्जन हैं। सरकारी अस्पताल में रहते हुए उन्होंने 17 हजार से ज्यादा ऑपरेशन किए हैं। यही कारण है कि चुनाव प्रचार के दौरान वह जहां भी जाती थीं, लोग अपनी आंखों का इलाज कराने पहुंच जाते थे। ऐसे में वह पहले लोगों का इलाज करती थीं और बाद में खुद के लिए वोट मांगती थीं।
डॉ. बलजीत के बारे में कुछ खास जानकारियां
- डॉ. बलजीत के पति भी सरकारी सेवा में हैं। वह एक्सइएन के पद पर तैनात हैं। उनकी तैनाती कोटकपूरा में हैं।
- दोनों की दो बेटियां नवनीत कौर और रियादीप कौर हैं।
- डॉ. कौर ने बाबा फरीद यूनिवर्सिटी से 2010 में एमएस ऑप्थल्मोलॉजी की है।
- भगवंत मान की कैबिनेट में इकलौती महिला मंत्री डॉ. बलजीत के पास कुल 1.17 करोड़ रुपये की संपत्ति है।