उत्तरप्रदेश के डीएसपी जिया उल हक की मौत का मामला अभी ठंडा नहीं हुआ कि पंजाब के तरनतारन में किसानों को गिरफ्तार करने गए एएसआई का शव मिला है। प्रत्यदर्शी पुलिसवालों का कहना है कि किसानों ने लाठीचार्ज किया, जिसमें एएसआई की मौत हुई, जबकि किसान संगठनों का कहना है कि एएसआई की मौत हार्ट अटैक से हुई है। मौत के कारणों की जांच कर रही है। मामले का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही होगा।
बताया जा रहा है कि जिस दिन आम बजट घोषित हुआ था, किसान उससे काफी नाराज थे। उसी दिन किसान संगठनों की संयुक्त कमेटी ने 6 फरवरी को पंजाबभर में रेल रोको प्रदर्शन करने की कॉल दी थी। उसी प्रस्तावित कॉल के मद्देनजर किसान संगठनों के नेता तरनतारन में जुट रहे थे।
उधर, पुलिस किसानों के प्रर्दशन को रोकने के लिए प्रयासरत थी। तरनतारन में किसानों के जमा होने की खबर मिलते ही एएसआई कुलवीर सिंह अपने साथियों के साथ मौके पर पहुंचे थे।
साथ गए पुलिस कर्मियों के मुताबिक पुलिस के मौके पर पहुंचते ही किसानों ने धक्कामुक्की शुरू कर दी। इसमें दम घुटने से एएसआई की मौत हो गई, जबकि किसान संगठन बताते हैं कि एएसआई कुलवीर सिंह पहले से हार्ट के मरीज थे। ज्यादा भीड़ देख उन्हें हार्ट अटैक आया और उन्होंने दम तोड़ दिया। पुलिस ने मौत के कारणों की जांच शुरू कर दी है। शव मिलने के बाद आसपास के इलाके में तनाव का माहौल है।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में कुछ दबंगों ने डीएसपी जिया उल हक की हत्या कर दी थी। इस मामले में उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया पर आपराधिक साजिश रचने का आरोप लगा। मामले की सीबीआई जांच की जा रही है।