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मजीठिया की मुश्किलें बढ़ीं: सरकार ने लुकआउट नोटिस जारी किया, तलाश में एसटीएफ ने अमृतसर में मारा छापा

Wed, 22 Dec 2021 12:05 PM IST
ajay kumar संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर (पंजाब)

सार

शिरोमणि अकाली दल के नेता व पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया की मुश्किलें बढ़ने लगी हैं। केंद्र सरकार ने बुधवार को उनके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी कर दिया है। इस बीच मजीठिया के भूमिगत होने की सूचना है। एसटीएफ ने बुधवार को अमृतसर में छापा भी मारा लेकिन हाथ कुछ नहीं लगा।
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बिक्रम सिंह मजीठिया और सुखबीर सिंह बादल।
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विस्तार
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केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पंजाब के पूर्व मंत्री और अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी कर दिया है। पंजाब पुलिस ने ड्रग्स तस्करी के मामले में मजीठिया के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत सोमवार देर रात मोहाली स्थित स्टेट क्राइम थाने में एक एफआईआर दर्ज की है। फिलहाल मजीठिया गायब बताए जा रहे हैं। उन्हें मिली हुई पंजाब पुलिस की सुरक्षा भी इस समय उनके साथ नहीं है।  केंद्र व राज्य सरकार को अंदेशा है कि कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए मजीठिया देश छोड़कर भाग सकते हैं। 

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मजीठिया के खिलाफ दर्ज की गई एफआईआर मादक पदार्थ निरोधी विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट के आधार पर दर्ज की गई है। यह रिपोर्ट पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में नवंबर, 2017 में सीलबंद लिफाफे में दाखिल की जा चुकी है। इसके बावजूद अब एसआईटी का दावा है कि सीलबंद रिपोर्ट में मजीठिया का नाम ड्रग तस्करी रैकेट में संलिप्त आरोपी के रूप में दर्ज है। पंजाब पुलिस सूत्रों के अनुसार, एसटीएफ के प्रमुख एडीजीपी हरप्रीत सिद्धू द्वारा दायर रिपोर्ट के आधार पर धारा 25, 27ए और 29 एनडीपीएस के तहत मजीठिया के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। 


लुकआउट नोटिस जारी होने के बाद, नियम अनुसार देश के सभी हवाई अड्डों, अंतरराष्ट्रीय सीमा और समुद्री सीमा पर सर्कुलर लेटर जारी कर दिया गया है। अगर मजीठिया किसी भी तरीके से देश छोड़कर भागने की कोशिश करते हैं तो उन्हें वहीं गिरफ्तार कर लिया जाएगा। 

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ड्रग्स मामले में सोमवार को दर्ज हुआ केस
चन्नी सरकार ने सोमवार देर रात अकाली नेता व पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। यह केस ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन ने स्टेट क्राइम पुलिस थाने में दर्ज कराया है। मजीठिया के खिलाफ यह कार्रवाई 2018 में एडीजीपी हरप्रीत सिंह सिद्धू की अगुवाई में गठित स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) की रिपोर्ट के आधार पर की गई है। इस रिपोर्ट में मजीठिया का नाम शामिल होने का दावा किया गया था। 

मजीठिया के भूमिगत होने की खबर
इस बीच, बिक्रम मजीठिया के भूमिगत होने की खबर है। वे गिरफ्तारी के डर से पंजाब पुलिस की मिली सुरक्षा को छोड़कर गायब हो गए हैं। चर्चा है कि मजीठिया पंजाब से बाहर जा चुके हैं और उनके साथ इस समय केंद्रीय सुरक्षा बल के जवान हैं। अमृतसर में एसटीएफ के छापे के बाद गृह मंत्रालय ने मजीठिया के खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किया है।

मजीठिया को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। अगर नशा बेचने वाले गिरफ्तार हो सकते हैं तो मजीठिया को भी पकड़ा जाएगा। -सुखजिंदर सिंह रंधावा, उपमुख्यमंत्री व गृहमंत्री पंजाब।


सिद्धू ने जताई खुशी, बोले- पीछा नहीं छोड़ेंगे 
मजीठिया के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने के बाद पंजाब कांग्रेस के प्रधान नवजोत सिंह सिद्धू काफी खुश और उत्साह के भरे दिखाई दिए। उन्होंने मंगलवार को तीन ट्वीट कर सरकार की कार्रवाई को इस मामले में पहला कदम करार दिया। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा- यह उन लोगों के मुंह पर तमाचा है, जो वर्षों तक इस गंभीर मुद्दे पर सोए रहे। उन्होंने इस मामले में पंजाब के नए कार्यकारी डीजीपी सिद्धार्थ चट्टोपाध्याय की भी पीठ थपथपाते हुए लिखा, ईमानदार अफसरों को पावरफुल कमान देने से यह नतीजा आया है। 

दूसरे ट्वीट में लिखा- साढ़े चार साल बादल परिवार और कैप्टन अमरिंदर सिंह ने पंजाब में भ्रष्ट सिस्टम चलाया, जिसमें प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) की रिपोर्ट पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। आखिरकार अब इस मामले में ईमानदार अफसरों को कमान देने से पहला कदम ले लिया गया है।

सिद्धू ने तीसरे ट्वीट में लिखा कि पंजाब पुलिस की क्राइम ब्रांच में मजीठिया के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। फरवरी 2018 में एसटीएफ की रिपोर्ट के आधार पर यह केस दर्ज किया गया है, जिसके लिए वह पिछले चार साल से मांग कर रहे थे। उन्होंने लिखा- जब तक ड्रग माफिया के मुख्य दोषी को सजा नहीं मिलती, वह पीछा नहीं छोड़ेंगे।
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