पाकिस्तान स्थित गुरुद्वारा पंजा साहिब में वैसाखी मनाने के बाद श्रद्धालुओं का जत्था वीरवार को देश लौट आया। वाघा सीमा पर पहुंचे 816 श्रद्धालुओं की कोरोना जांच की गई। इसमें 100 से अधिक श्रद्धालुओं की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। संक्रमितों को श्री गुरु नानक देव अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। निगेटिव आई संगत को घर भेज दिया गया है।
गौरतलब है कि बैसाखी के उपलक्ष्य में कुल 818 श्रद्धालुओं का जत्था 12 अप्रैल को पाकिस्तान गया था। इनमें से 429 श्रद्धालु एसजीपीसी और शेष 389 श्रद्धालु अन्य सिख संगठनों के माध्यम से पाकिस्तान स्थित गुरुधामों के दर्शनों के लिए गए थे। दो श्रद्धालुओं के परिजनों की मौत हो जाने के कारण उक्त संगत यात्रा अधूरी छोड़ लौट आई थी। 22 अप्रैल को शेष 816 श्रद्धालु भारत लौटे। बॉर्डर पर उनकी जांच की गई। इनमें 100 श्रद्धालु पॉजिटिव मिले।
जांच टीम के डॉक्टर पर लगाया नशे में होने का आरोप
बॉर्डर पर कोरोना की जांच के दौरान संगत ने टीम के एक डॉक्टर पर नशे में होने का आरोप लगाया। आपत्ति के बावजूद जब उस डॉक्टर को टीम से नहीं हटाया गया तो दोनों पक्षों में बहस शुरू हो गई। मामला इतना बढ़ा की बात हाथापाई तक पहुंच गई। सूचना मिलते ही सुरक्षा कर्मी मौके पर पहुंचे और बीच बचाव किया।