रविवार की रात हुए मूसलाधार बारिश ने शहर के कई क्षेत्रों को जलमग्न कर दिया। कई मोहल्लों में पानी घरों में घुस गया। तालाब में तब्दील हुई सड़कों के कारण लोगों को काफी परेशानी हुई। शहर के विभिन्न मोहल्लों में लोगों ने रोष व्यक्त करते हुए प्रशासन से गुहार लगाई है कि ड्रेनेज व सीवरेज प्रणाली का उचित प्रबंध किया जाए।
शहर के वार्ड नंबर 11 की टीचर कालोनी, वार्ड 35 के बजरी कंपनी, सिविल अस्पताल, मोहल्ला साहिबजादा, डल्हौजी रोड, काली माता मंदिर रोड, ढांगू रोड, वार्ड 13, काठ वाला पुल के समीप आदि जगहों पर जलभराव से लोग परेशान रहे।
टीचर कालोनी निवासी अनीता, सीमा, कमलेश, प्रीतो, कमला, हैप्पी, देवो, जगदीश, जीनू आदि ने बताया कि बारिश में नाला ऑवरफ्लो हो जाता है, जिससे पानी उनके घरों में तीन फीट तक भर जाता है। बरसात में यह समस्या हर वर्ष सामने आती है। गुहार लगाने के बाद भी निगम ने इसका कोई हल नहीं निकला है।
वहीं मोहल्ला बजरी कंपनी के निवासी जनक राज, कीमती लाल, सोनी, दीपक, अजय, कांता देवी, राजकिरण, गीता, राकेश आदि ने बताया कि बरसात के मौसम में गलियों में पानी जमा होने की समस्या बेहद पुरानी है। गलियों में पानी एकत्र होने के कारण घरों से निकलना दुश्वार हो गया है। इन्होंने प्रशासन के खिलाफ रोष जताते हुए कहा कि यदि जल्द समस्या का हल नहीं किया गया तो वह उग्र प्रदर्शन करने के लिए विवश होंगे।
सिविल अस्पताल पठानकोट के मुख्य द्वार पर पानी के जमा होने से मरीजों व उनके परिजनों को अस्पताल में आने-जाने में बेहद परेशानी हुई। यही नहीं शहर के कई अन्य क्षेत्रों में पानी जमा होने के कारण लोगों को काफी परेशानी होती दिखी। मेयर अनिल वासुदेवा से नगर निगम समस्या को लेकर गंभीर है। जल्द ही निगम अधिकारियों के साथ बैठक कर समस्या का समाधान ढूंढा जाएगा।