पंजाब के अमृतसर में पंजाब विजीलेंस ब्यूरो ने अमृतसर के गांव दरिया मनसूर में निकासी और पूनर्वास विभाग की मालकी वाली जमीन के कुछ प्राइवेट लोगों के कब्जे में होने के चलते फर्जी केसों का हवाला देकर उसकी गिरदावरी बदलने के आरोपों में माल विभाग के 2 पटवारियों और 3 प्राइवेट लोगों को गिरफ्तार किया है।
ब्यूरो ने मामले की जांच के बाद राजस्व विभाग के 3 पटवारियों (एक सेवामुक्त) और 9 प्राइवेट लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार और आईपीसी की धारा 420, 465,466,468,471 तथा 120-बी के तहत केस दर्ज किया है। विजीलेंस के एसएसपी वरिंदर सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि कुछ प्राइवेट कारिंदे माल विभाग के पटवारियों के साथ मिलकर जमीन की गिरदावरियां बदलने काम कर मोटी कमाई कर रहे हैं।
इस दौरान ही सुखा सिंह निवासी कमीरपुरा, अमृतसर की शिकायत पर ब्रिजनेव सिंह, हरशेर सिंह, रमनदीप कौर पत्नी हरशेर सिंह, रिंपलजीत कौर , पत्नी ब्रिजनेव सिंह निवासी कोटली कोरोटाना, अमृतसर व हाल निवासी होली अस्टेट, अमृतसर सुखजीत सिंह, उसके लड़के प्रभदीप सिंह और रवदीप सिंह निवासी जगदेव खुर्द, बलजीत कौर निवासी कलोमाहल, अमृतसर, सुखदेव सिंह निवासी कलोमाहल और राजस्व विभाग के सेवामुक्त पटवारी दलबीर सिंह निवासी करतार नगर, छेहरटा, पटवारी रंजीत सिंह निवासी मुहल्ला गोपाल नगर, अमृतसर तथा पटवारी लखबीर सिंह निवासी गांव बल लब्बे पर भ्रष्टाचार और धोखाधड़ी के तहत पर्चा दर्ज किया गया।
उन्होंने बताया कि मामले की जांच के बाद विभाग ने पटवारी लखबीर सिंह और सेवामुक्त पटवारी दलबीर सिंह को बुधवार की सायं गिरफ्तार कर लिया। इसके अलावा मामले में तीन प्राइवेट व्यक्तियों ब्रिजनेव सिंह, सुखजीत सिंह और सुखदेव सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लेकर पूछताछ की जाएगी। जबकि मामले के अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए ब्यूरो की टीमें लगातार छापेमारी कर रहीं है।