स्केनिंग के रेट पर विवाद, आईसीपी पर काम ठप, कुलियों ने नहीं किया काम
संवाद न्यूज एजेंसी
अमृतसर। आईसीपी अटारी पर भारत और अफगानिस्तान के बीच होने वाले कारोबार को वीरवार को उस समय झटका लगा, जब आईसीपी पर काम करने वाले कुलियों ने स्केनिंग के लिए गोदाम से ले जाने वाले नगों के रेटों को लेकर काम ठप कर दिया। कुली यूनियन के प्रधान मोहन सिंह पहलवान ने इसके खिलाफ शुक्रवार को ही हड़ताल रखे जाने का एलान कर दिया। रेट को लेकर आईसीपी पर हुए विवाद के बीच वीरवार को अफगानिस्तान से ड्राई फूट लेकर 12 ट्रकों को भी अनलोड किए बिना ही वापस लौटना पड़ा।
कुल यूनियन के प्रधान मोहन सिंह पहलवान ने बताया कि आईसीपी पर काम करने वाले कुलियों को गोदाम से स्केनिंग के लिए प्रति नग ले जाने और स्केनिंग के बाद वापस गोदाम तक लाने के लिए 6 रुपये प्रति बाक्स मजदूरी मिलती है, लेकिन एक कंपनी ने इन रेटों के खिलाफ जाकर प्रति बाक्स साढ़े चार रुपये मजदूरी देने की बात कही। इससे कुलियों में विरोध हो गया और कुलियों ने आईसीपी पर काम ठप कर दिया।
उन्होंने कहा कि वीरवार को पर्चियां काटी गई थी, लेकिन कुलियों ने साढ़े चार रुपये प्रति बाक्स मजदूरी पर काम करना बंद कर दिया। उन्होंने कहा कि आईसीपी पर काम करने वाले सीएचए (क्लियरिंग हाउस एजेंट) पहले से ही डाले के नाम पर आईसीपी पर कुलियों का शोषण हो रहा है। उन्होंने शुक्रवार की आईसीपी अटारी पर हड़ताल की घोषणा करते हुए अन्य कुली यूनियनों के प्रधान बावा सिंह, अमरीक सिंह व अन्य से भी सहयोग देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अब वे प्रति नग के हिसाब से डाला भी लेंगे जबकि इससे पहले उन्हें एकमुश्त राशि ही डाले की रूप में की जाती है। उन्होंने कहा कि शुक्रवार को किसी भी कुली को आईसीपी पर प्रवेश नहीं करने देंगे।
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