भदोही के औराई कोतवाली से कुछ दूर स्थित एकता दुर्गा पूजा पंडाल में रविवार रात करीब आठ बजे आरती के समय आग लग गई। हादसे में 67 लोग झुलस गए। जबकि तीन बच्चे समेत पांच लोगों की मौत हो चुकी है। भदोही डीएम गौरांग राठी ने इसकी पुष्टि की है। झुलसने वालों में महिलाएं और बच्चे ज्यादा हैं। वाराणसी के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती करीब 20 लोगों की हालत अभी भी चिंताजनक बनी हुई है। मृतकों में अंकुश सोनी (12), जया देवी (45), आरती चौबे (48), हर्ष वर्धन (8) और नवीन (10 ) शामिल है। डीएम के मुताबिक, आशंका है कि शार्ट सर्किट से आग लगी है। आग लगने के बाद वहां भगदड़ मच गई। देखते ही देखते पूरा पंडाल धू-धूकर जलने लगा। मौके पर चीखपुकार मच गई। जिसे जिधर से रास्ता मिला भागने लगा। दमकल टीम ने एक घंटे में आग पर काबू पाया।
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दुर्गा पांडल में लगी आग
- फोटो : अमर उजाला
पंडाल स्थल पर चल रहा था शो, गुफा में आने-जाने का सिर्फ एक रास्ता
भदोही- औराई मार्ग पर स्थित दुर्गा पंडाल में भीषण आग ने पूरे जिले को झकझोर कर रख दिया। घटना में आयोजन समिति की बड़ी लापरवाही सामने आ रही है। पंडाल स्थल पर चलने वाले शो में प्रोजेक्टर के माध्यम से धार्मिक कार्यक्रम दिखाए जा रहे थे। गुफानुमा बने स्थल में आने-जाने का सिर्फ एक ही रास्ता है।
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Fire In Durga Pandal
- फोटो : अमर उजाला
आग लगने के बाद अंदर भगदड़ मच गई। इससे कई महिलाएं और बच्चे गिर गए। आग तेजी से फैली और उसके चपेट में सभी आ गए। औराई तहसील क्षेत्र में नरथुआं स्थित पंडाल सबसे आकर्षक बनता है।
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Fire In Durga Pandal
- फोटो : अमर उजाला
यहां नवरात्र में धार्मिक शो भी प्रोजैक्टर के माध्यम से दिखाया जाता है। उक्त शो देखने के लिए नरथुआं, उपरौठ, बारीगांव, औराई, घोसिया, भवानीपुर, जेठूपुर, उगापुर, औराई सहित दर्जन भर से अधिक गांव की महिलाएं और बच्चे पहुंचते हैं।
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Fire In Durga Pandal
- फोटो : अमर उजाला
रविवार को भी उक्त गुफानुमा स्थल पर 150 से अधिक महिलाएं और बच्चे मौजूद रहे। शार्ट सर्किट से आग लगी तो अंदर भगदड़ मच गई। आने-जाने का एक मात्र गेट होने से बच्चे और महिलाएं अंदर ही गिर गईं। उक्त गुफा फाइबर और प्लास्टिक के पन्नी से बनाई गई थी।
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Fire In Durga Pandal
- फोटो : अमर उजाला
इससे कुछ ही पलों में पूजा पंडाल धू-धू कर जलने लगे। वहां मौजूद लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला और अधिकतर लोग झुलस गए। बताया जाता है कि तीन साल पूर्व भी उक्त पंडाल में आग लगी थी, लेकिन उस दौरान समिति के लोगों ने किसी तरह आग बुझा ली थी।
भदोही में दुर्गा पंडाल में लगी भीषण आग
- फोटो : अमर उजाला
तीन साल पूर्व की हुई घटना के बाद भी अधिकारियों ने न तो वहां की तैयारियां देखी न ही आयोजन समिति की ओर से दी गई व्यवस्था ही जांची जबकि पंडाल में भारी भीड़ उमड़ रही थी। अगर पहले ही पंडाल में आने-जाने की व्यवस्था की गई होती तो घटना इतनी बड़ी नहीं होती।