विशाल सोनकर
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वह बार-बार कह रहा था कि हम बच गए, हमें विश्वास ही नहीं हो रहा है। पानी में दम घुटने लगा था और लग रहा था कि आज गंगा में ही सब कुछ खत्म हो जाएगा। विशाल ने कहा कि ओवरलोड नाव में पानी भरने लगा था, इसी वजह से हादसा हुआ। विशाल सोनकर ने बताया कि वह, सौम्या, विशाल सिंह, अभिषेक और सुंदरपुर क्षेत्र की एक छात्रा पुराने दोस्त हैं। पांचों एक लंबे अरसे बाद मिले थे तो गंगा उस पार घूमने गए थे। अभिषेक साफ्टवेयर इंजीनियर है। विशाल सिंह एमसीए की पढ़ाई के बाद नौकरी की तलाश कर रहा है।