कांवड़ की झांकी को लेकर हुए जातीय संघर्ष में दलित युवक की मौत हो गई। यह घटना आग की तरह पूरे प्रदेश में फैल गई। वहीं गांव में जिधर, देखो यही आवाजें सुनाई दे रही थीं कि बदला लेकर रहेंगे। शहर में कोई बड़ा बवाल न हो जाए, इससे पहले प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया। यहां तक कि गांव में भारी पुलिसफोर्स और आरएएफ तैनात कर दी गई।