योगी सरकार के चार साल पूरे हो गए हैं, लेकिन शहर में एक भी प्रोजेक्ट का शिलान्यास नहीं हुआ है। मेरठ जिले को जाम मुक्त करने के लिए विकास प्राधिकरण, नगर निगम ने कोई योजना नहीं बनाई। राज्य स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट भी फाइलों में चल रहा है। विकास के बड़े-बड़े वादे विधायक और मंत्रियों ने किए, लेकिन अभी सब कार्य शासन स्तर पर लंबित हैं...
शहर से लखनऊ, प्रयागराज के लिए हवाई उड़ान, मेट्रो, खेल विश्वविद्यालय की फाइल शासन तक पहुंची, लेकिन किसी एक प्रोजेक्ट का कार्य धरातल पर दिखाई नहीं दिया। सरकार के अंतिम वर्ष का कार्यकाल शुरू होने पर भी महज सिर्फ एक खेल विवि के निर्माण की उम्मीद जगी है। मेरठ से प्रयागराज तक बनाए जाने वाले गंगा एक्सप्रेसवे का कार्य भी सरकार की प्राथमिकता में शामिल है। हालांकि, अभी इसमें भी कुछ गांव जमीन देने में आनाकानी करने लगे हैं।