चौबेपुर के बिकरू गांव मेें दबिश की मुखबिरी करने और दहशतगर्द का साथ देने वाले पूर्व चौबेपुर एसओ रहे विनय तिवारी को बचाने वालों पर भी शिकंजा कसना तय है। जिन-जिन अफसरों ने जांचों में उसको क्लीन चिट दी थी, उनके खिलाफ भी जांच शुरू हो गई है।
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kanpur encounter
- फोटो : amar ujala
आईजी रेंज लखनऊ ने भी इस बिंदु को अपनी रिपोर्ट में शामिल किया था, जो अब एसआईटी के पास है। बिकरू कांड के बाद शहीद डीएसपी देवेंद्र मिश्र का एक पत्र वायरल हुआ था। ये पत्र उन्होंने एसओ के खिलाफ तत्कालीन एसएसपी अनंत देव को लिखा था।
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मामले ने तूल पकड़ा तो शासन से इस मामले की जांच आईजी रेंज लखनऊ को सौंपी गई थी। सूत्रों के मुताबिक जांच में सभी आरोप सही पाए गए थे। तभी आईपीएस अनंत देव का तबादला हुआ था।
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वहीं जांच में एक और अहम तथ्य सामने आया था कि विनय तिवारी के खिलाफ एक जांच सीओ कल्याणपुर अजय कुमार और एक जांच ट्रेनी आईपीएस निखिल पाठक ने की थी। इन दोनों जांचों में एसओ को क्लीन चिट दी गई थी।
इस पर एसएसपी ने मुहर लगा दी थी। ऐसी स्थिति में अब ये जांच अधिकारी भी तफ्तीश में शामिल हो गए हैं। इसके अलावा भी जो जांचें एसओ के खिलाफ हुई थीं वो भी एसआईटी की जांच में शामिल हो गई हैं।