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PHOTOS: जश्न-ए-चरागां पर रोशनी में घुली मोहब्बत, रंग बिरंगी लाइटों से जगमगा उठा कानपुर

Sat, 09 Nov 2019 11:38 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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जश्न-ए-चरागां - फोटो : अमर उजाला
अयोध्या मसले पर सुप्रीमकोर्ट का फैसले आने के बाद शनिवार को मुस्लिम बहुल इलाकों में माहौल सामान्य रहा। फैसले के बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने पैगंबर-ए-इस्लाम की यौम-ए-पैदाइश 12 रबीउल अव्वल (10 नवंबर) की पूर्व संध्या पर होने वाले जश्न-ए-चरागां की तैयारियां शुरू कर दीं।
 
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जश्न-ए-चरागां - फोटो : अमर उजाला
शुक्रवार रात को कई जगहों पर जश्न-ए-चरागां के लिए चल रहे काम को रोका गया था। मुस्लिम बहुल क्षेत्रों और मिश्रित आबादी वाले इलाकों में बन रहे सजावटी गेट और रोशनी का काम शुक्रवार रात को कुछ ही जगहों पर हो सका। फैसले को लेकर सभी सशंकित थे। इसलिए काम रुक गया।

 
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जश्न-ए-चरागां - फोटो : अमर उजाला
शनिवार दोपहर 12 बजे के बाद कारीगरों ने सजावट के काम को अंतिम रूप दिया। इसके बाद लोग जश्न-ए-आमद रसूल की खुशियों की तैयारियों में जुट गए। सरवर-ए-कायनात पैगंबर-ए-इस्लाम की यौम-ए-पैदाइश (जन्मदिवस) 12 रबीउल अव्वल की पूर्र्व संध्या पर शनिवार को पूरा शहर रोशनी से जगमगा उठा।

 

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जश्न-ए-चरागां - फोटो : अमर उजाला
मुस्लिम समाज और हिंदू-मुस्लिम एकता वाली अंजुमनों ने मुस्लिम बहुल क्षेत्रों और मिश्रित आबादी वाले इलाकों में जश्न-ए-चरागां कर सरकार की आमद की जश्न मनाया। हर तरफ हुजूर की शान में नात और दरूद-ओ-सलाम का पाठ हुआ। जगह जगह नातिया कलाम की कैसेटें बजाई गईं।

 
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जश्न-ए-चरागां - फोटो : अमर उजाला
इस भव्य रोशनी को देखने के लिए न सिर्फ मुस्लिम समाज बल्कि हिंदू व अन्य धर्मों के लोग भी देखने पहुंचे। शहर में बड़े बडे़े भव्य सजावटी गेट बनाकर उसमें देश और विदेश की खूबसूरत मस्जिदों की प्रतिकृति उभारी गई। रविवार को परेड के रजबी ग्राउंड से जुलूस-ए-मोहम्मदी निकाला जाएगा। अंजुमन जिया-ए-नबी की ओर से रजबी रोड पर मिस्र की मस्जिद बिलाल का नक्शा का 70 फीट ऊंचा गेट बनाया गया। इसे देखने के लिए दूरदराज से लोग आए। 
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