कानपुर में नई सड़क पर हुए बवाल के मामले में जेल भेजा गया मुख्य साजिशकर्ताओं में से एक निजाम कुरैशी ने पूछताछ में कई कई राज उगले हैं। उसने बताया कि उनका मकसद बगैर सामने आए भीड़ जुटाना व भड़काना था। ताकि बवाल भी हो जाए और हयात एंड कंपनी का नाम भी न आए।
निजाम कुरैशी को पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार किया था। एसआईटी समेत अन्य पुलिस अफसरों, आईबी व एटीएस के अफसरों ने उससे पूछताछ की। सूत्रों के मुताबिक निजाम ने बताया कि बाजार बंदी की साजिश में वह पहले दिन में शामिल रहा। खुलासा किया कि हयात व अन्य साथियों का यही कहना था कि पर्दे के पीछे रहकर पूरा काम करना है। कथित तौर पर बाजार बंदी वापस ली गई थी, लेकिन बैठकें कर संदेश दिया गया था कि तीन जून को सड़कों पर उतरना है।