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बाहुबली पर शिकंजा: पत्नी ने जताया मुख्तार की जान को खतरा, सुप्रीम कोर्ट में याचिका पर 9 अप्रैल को सुनवाई

Wed, 07 Apr 2021 02:48 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, गाजीपुर
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विधायक मुख्तार अंसारी और पत्नी आफ्शां अंसारी। - फोटो : अमर उजाला
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विधायक मुख्तार अंसारी की पत्नी आफ्शां अंसारी ने पति की जान को खतरे का अंदेशा जताते हुए मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की। इसमें उन्होंने विधायक को जेल से कोर्ट सुनवाई के लिए ले जाते समय सुरक्षा व्यवस्था की मांग की है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मंगलवार को पुलिस वाहनों की सुरक्षा में रोपड़ से उसे बांदा जेल के लिए भेजा गया। यूपी सरकार ने पंजाब के रोपड़ में बंद विधायक मुख्तार अंसारी को वापस लाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में शरण ली थी।

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आफ्शां के सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करने की पुष्टि मऊ विधायक मुख्तार अंसारी के बड़े भाई और गाजीपुर के सांसद अफजाल अंसारी ने की। उन्होंने कहा कि आफ्शां अंसारी ने सुप्रीम कोर्ट में मुख्तार की जान को खतरे की आशंका जताते हुए उनकी सुरक्षा व्यवस्था बेहतर करने की मांग की।

याचिका ने बताया कि पंजाब से बांदा शिफ्ट किए जाने एवं उनके मुकदमों की सुनवाई के समय जेल से न्यायालय आने-जाने के समय उनके ऊपर खतरे को देखते हुए पुख्ता इंतजाम किया जाएं। सांसद ने बताया कि मुख्तार अंसारी पर वर्ष 2002, 2003 तथा 2007 में हमले हो चुके हैं। सुप्रीम कोर्ट ने नौ अप्रैल को उनकी याचिका पर सुनवाई की तिथि निर्धारित की है।

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मुख्तार अंसारी
राष्ट्रपति से भी लगा चुकी हैं गुहार
सुप्रीम कोर्ट के पंजाब से बांदा जेल शिफ्ट करने के आदेश के बाद आफ्शां अंसारी ने बीते 31 मार्च को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद को पत्र लिखा था। इसमें उन्होंने लिखा था कि उनके पति एक मामले में चश्मदीद गवाह है। इसमें बृजेश सिंह तथा त्रिभुवन सिंह अभियुक्त हैं। ये दोनों सरकारी तंत्र की मिलीभगत से उनके पति को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। इसलिए उनको बहुत जरूरी होने पर केंद्रीय रिजर्व सुरक्षा बल के दस्ते के साथ जेल से अदालत और अदालत से वापस जेल तक सुरक्षित भेजने के प्रबंध किया जाए।
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