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सजा-ए-मौत : मुनीर ने इसलिए की एनआईए अफसर की हत्या, रैय्यान को दो पिस्टल देकर पहनाई थी अपनी शर्ट

Sun, 22 May 2022 03:36 PM IST
Dimple Sirohi अमर उजाला नेटवर्क, बिजनौर

सार

दोहरे हत्याकांड को अंजाम देने के बाद रैय्यान को छोड़ खुद भाग गया था मुनीर
- रैय्यान के पकड़ में आने के बाद खुलती गई हत्याकांड की परत
- रैय्यान को मुहैया कराई थी दो पिस्टल और अपनी शर्ट
- सीसीटीवी फुटेज डिलीट कराने से रैय्यान पर गहराया था पुलिस का शक
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तंजील अहमद मर्डर केस - फोटो : amar ujala
राष्ट्रीय जांच एजेंसी के डीएसपी तंजील अहमद और उनकी पत्नी फरजाना की हत्या के मामले में दोनों आरोपियों मुनीर और रैय्यान को कोर्ट ने फांसी की सजा सुना दी। एनआईए के डीएसपी तंजील अहमद और उनकी पत्नी फरजाना की हत्या करने के तुरंत बाद मुनीर फरार हो गया था जबकि साथी रैय्यान को सहसपुर में ही छोड़ गया। मुनीर हत्याकांड को अंजाम देने के लिए चार पिस्टल लेकर आया था, जिसमें दो रैय्यान को देकर बाइक पर बैठाया। रैय्यान को पहनने के लिए अपनी शर्ट भी मुनीर ने ही दी थी। मुनीर तो भाग गया लेकिन जब रैय्यान को पकड़े जाने का डर लगा तो वह सीसीटीवी फुटेज डिलीट कराने के लिए मोबाइल रिचार्ज की दुकान पर पहुंचा। बस यहीं से पुलिस के हाथ क्लू लगा और रैय्यान को धर दबोचा गया।

रैय्यान से ली थी सहसपुर आने की जानकारी
पुलिस सूत्रों के अनुसार मुनीर ने रैय्यान से पूछा था कि क्या तंजील आया है। रैय्यान ने तंजील के आने की जानकारी दे दी। इसके बाद ही मुनीर ने रैय्यान को संग लेकर दोहरे हत्याकांड को अंजाम दिया।
 
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तंजील अहमद परिवार के साथ- file photo - फोटो : amar ujala
मूलरुप से सहसपुर के रहने वाले एनआईए के डिप्टी एसपी तंजील अहमद अपनी पत्नी फरजाना खातून और बच्चों के संग वैगनआर गाड़ी से स्योहारा आए थे। 2 अप्रैल 2016 की रात को बंधन मैरिज हॉल में भांजी की शादी की रस्मों में उन्होंने भाग लिया। रात में लगभग साढ़े बारह बजे तंजील अपनी पत्नी और दोनों बच्चों के साथ अपने घर सहसपुर के लिए चल दिए। गाड़ी को तंजील अहमद चला रहे थे, पत्नी बराबर वाली सीट पर और बच्चे पिछली सीट पर बैठे थे।

उनकी गाड़ी के पीछे उनके भाई रागिब मसूद अपने बच्चों के साथ दूसरी गाड़ी से पीछे पीछे आ रहे थे। जब तंजील अहमद सहसपुर में ताल कटोरा तालाब के पास निर्माणाधीन पुलिया पर पहुंचे तभी बाइक पर आए दो बदमाशों ने तंजील अहमद और उनकी पत्नी पर गोलियां चला दीं। गोली लगने से तंजील अहमद व उनकी पत्नी फरजाना गंभीर रुप से घायल हो गईं। घायलों को कॉसमॉस अस्प्ताल मुरादाबाद ले जाया गया। जहां तंजील अहमद को मृत घोषित कर दिया गया।
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आरोपी मुनीर - फोटो : amar ujala
फरजाना को फोर्टिस अस्पताल नोएडा के लिए रेफर किया गया। फरजाना को फोर्टिस अस्पताल से एम्स दिल्ली ले जाया गया। जहां फरजाना की 13 अप्रैल को मौत हो गई। मामले में पुलिस ने मुनीर, रैय्यान के साथ तंजीन, जैनी और रिजवान के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया। तंजीन, जैनी और रिजवान पर इस दोहरे हत्याकांड के षडयंत्र में शामिल होने और मुनीर तथा रैय्यान की मदद करने का आरोप था। हालांकि कोर्ट तंजीन, जैनी और रिजवान को बरी कर चुकी है। 

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मुनीर - फोटो : amar ujala
ऐसे शुरू हुई थी तंजील अहमद की हत्या की कहानी
2013 में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी एएमयू में छात्रसंघ के चुनाव हुए। इस चुनाव में मुनीर ने एक करीबी छात्र का साथ दिया। जहां छात्र गुटों के झगड़े में उसका नाम आने लगा। साल 2013 में मुनीर के खिलाफ अलीगढ़ में जमीन कब्जे के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। साल 2014 को अलीगढ़ अमीरनिशां बाजार में पीतल कारोबारी फहद की मुनीर और आशुतोष ने हत्या कर दी थी। वहीं 16 सितंबर 2015 को एएमयू में छात्र आलमगीर की दिनदहाड़े हत्या हुई थी। हत्या की रिपोर्ट मुनीर, रैय्यान व सादाब निवासी आजमगढ़ व आशुतोष मिश्रा निवासी फैजाबाद के खिलाफ दर्ज कराई थी। इस केस में मुनीर नहीं पकड़ा जा सका था।

हत्या और लूट के बाद जब पुलिस पीछे लगी तो मुनीर अलीगढ़ छोड़कर बटाला हाऊस दिल्ली में किराए पर रहने लगा। मुनीर बटाला हाऊस से साढ़े तीन किलोमीटर की दूरी पर शाहीन बाग में सपरिवार रहने वाले तंजील अहमद के संपर्क में आया। सहसपुर के मूल निवासी तंजील अहमद एनआईए में डीएसपी थे। एक ही कस्बे का होने का कारण दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ती चली गईं। मुनीर ने तंजील अहमद से फ्लैट और हथियार दिलाने की फरमाईश रख दी।
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मुनीर - फोटो : amar ujala
मुनीर ने पूछताछ में यह खुद स्वीकार किया कि वह अत्याधुनिक हथियार एके-47 खरीदने जा रहा था, ताकि पश्चिमी यूपी व एनसीआर में अपनी किलिंग मशीन ए-कंपनी का डंका बजा सके। इसी बाबत 29 नवंबर 2014 में कमला नगर दिल्ली में आशुतोष के साथ मिलकर मुनीर ने कैश वैन के गार्ड की गोली मारकर हत्या की और डेढ़ करोड़ रुपये लूटे। उसने सादाब के साथ मिलकर धामपुर में पीएनबी कैश वैन के गार्ड की गोली मारकर 95 लाख रुपये की लूट की।

सहसपुर के रिजवान से मुनीर को जानकारी मिली कि पुलिस उसे तलाश कर रही है। यह भी बताया गया कि मुखबिरी तंजील कर रहा है। इसके बाद तंजील अहमद को रास्ते हटाने का प्लान बनाया। आखिरकार मुनीर ने रैय्यान के साथ मिलकर डीएसपी तंजील अहमद और उनकी पत्नी को मार डाला था।
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रैय्यान - फोटो : amar ujala
कॉपी पर हस्ताक्षर करते हुए कांप गए रैय्यान के हाथ
दोहरे हत्याकांड में कोर्ट सजा-ए मौत की सजा सुना चुकी थी, फांसी के आदेश की कॉपी हस्ताक्षर करने के लिए मुनीर और रैय्यान को दी गई। रैय्यान ने पूछा, क्या सजा हुई। फांसी की सजा सुनते ही रैय्यान खामोश हो गया। आदेश की कॉपी की प्रतिलिपि प्राप्त कराने के लिए हस्ताक्षर कराए गए जिस पर रैय्यान के हाथ लड़खड़ा गए। मुश्किल से रैय्यान ने हस्ताक्षर किए।

वहीं मुनीर पर कोई खास फर्क नहीं पड़ा, वह केवल खामोश रहा और चेहरे पर कुछ तनाव दिखाई दिया। सजा सुनाए जाने के बाद मुनीर को सोनभद्र की जेल भेज दिया गया, वहीं से उसे कोर्ट लाया गया था। बता दें कि मुनीर और रैय्यान सजा क्या हुई है, यह मालूम होने से पहले तक दोनों मुस्करा रहे थे। इस दोहरे हत्याकांड में शामिल होने के अलावा रैय्यान पर कोई अन्य मामले का केस नहीं है।
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बिजनौर पुलिस - फोटो : amar ujala
मुनीर और रैय्यान के घर पसरा मातम, गांव में सन्नाटा
एनआईए अधिकारी तंजील अहमद हत्याकांड के आरोपी मुनीर और रैयान को फांसी की खबर से सहसपुर में सन्नाटा पसरा है। जहां एक ओर तंजील के परिवार और रिश्तेदारो ने कोर्ट के फैसले पर संतोष व्यक्त किया है। वहीं हत्यारे मुनीर और रैयान के घर पर मातम पसरा है। दोनों परिवारो से समाज के जुड़े लोग कुछ भी प्रतिक्रिया देने को तैयार नहीं है। 
 

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मुनीर - फोटो : amar ujala
घटना से पहले सहसपुर के नागरिकों को अंदाजा भी नहीं था कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में रहे कर पढ़ाई करने वाला मुनीर इतना बड़ा अपराधी होगा। लोग भोली सूरत और दुबली पतली कदकांठी से मुनीर को मासूम समझते थे। मुनीर बातचीत में लोगों को जल्दी प्रभावित कर लेता था। उसके अपराध वाली छवि से शुरुआत में लोग अनजान ही थे।
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आरोपी मुनीर - फोटो : amar ujala
ग्रामीण बताते हैं कि शुरुआत में वह वह क्षेत्र में होने वाली आपसी लड़ाई झगड़ों से सदैव दूरी बनाए रखा था। सहपाठियों को भी झगड़ों से दूर रहने की सलाह देता था। जब मुनीर की संलिप्तता तंजील हत्याकांड में जाहिर हुई तो लोग आश्चर्यचकित रहे गये। उसके अपराधों की लिस्ट जानकर लोग हैरान हुए थे।
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