महिला सिपाही रुचि सिंह चौहान
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रुचि के छोटे भाई शुभम ने लखनऊ पहुंचकर उसका पोस्टमार्टम कराया। रुचि के पिता योगेंद्र, माता रानी देवी, अपनी बेटी की हत्या से दुखी हैं। पूर्व प्रधान धर्मपाल सिंह और ग्रामीणों ने परिजनों को ढांढस बंधाया। पिता योगेंद्र सिंह का कहना है कि बेटी को प्रेमजाल में फंसा कर उसकी हत्या कराने वाले तहसीलदार पदमेश और हत्या में शामिल दोषियों को कड़ी सजा दिलाकर ही उन्हें शांति मिलेगी।