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लोकसभा चुनाव: लखीमपुर खीरी में बारिश के साथ बरसे वोट, धूप में खिला लोकतंत्र, सुबह से शाम तक लगी रही कतार

Mon, 13 May 2024 06:19 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
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लोकसभा चुनाव 2024 - फोटो : अमर उजाला
लखीमपुर खीरी जिले में सोमवार को सुबह सात बजे आसमान में घने-काले बादल छाए और आधे जिले में बारिश शुरू हो गई। लगा कि मतदाताओं के कदम ठिठक जाएंगे, लेकिन ऐसा हुआ नहीं। बारिश के साथ बूथों पर वोट भी बरसने लगे। कुछ ने भीगते हुए मतदान किया तो कोई घर से छाता लेकर मतदान केंद्र पहुंचा। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लाइन लंबी होती चली गई। शहर से लेकर दूर गांवों के अधिकांश मतदान केंद्रों पर सुबह से शाम तक मतदाताओं की लाइन नजर आई। इसी के साथ जिले का मतदान प्रतिशत भी बढ़ता गया। शाम पांच बजे तक 62.72 प्रतिशत और धौरहरा में 62.72 प्रतिशत वोट पड़े चुके थे। 

सोमवार को जिले के मतदाताओं ने उत्साह और उमंग से लोकतंत्र का महापर्व मनाया। नगरपालिका लखीमपुर के मॉडल बूथ पर सात बजे से पहले ही मतदाता पहुंच गए। सुआगाड़ा के मतदान केंद्र पर तो मतदाताओं की लंबी लाइन लगी थी। मतदान शुरू होने से पहले ही करीब 100 मतदाता केंद्र पर पहुंच गए थे। आर्य कन्या इंटर कॉलेज व गांधी विद्यालय के मतदान केंद्र पर भी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने पहुंच चुके थे।
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नौरंगाबाद मतदान केंद्र परिसर में भरा पानी - फोटो : अमर उजाला
मितौली के राजा लोने सिंह मतदान केंद्र पर भी मतदाताओं की लाइन लगी थी। मतदाताओं के साथ आसमान में बादलों की आवाजाही भी शुरू हो गई थी। जबकि संपूर्णानगर इलाके में छह बजे से ही बारिश होने लगी थी। यहां पर ओले भी गिरे। शहर और आसपास कस्बों में सुबह 7:30 बजे पानी बरसने लगा।
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छाता लगाकर मतदान करने पहुंचे मतदाता - फोटो : अमर उजाला
लाइन में लगे मतदाता भीगने से बचने को सुरक्षित स्थान तलाशने लगे। तेज बारिश देखकर लगा कि शायद मतदाता घर से न निकलें, लेकिन यह गलत साबित हुआ। कुछ मिनट बाद ही मतदाता छाता लेकर बूथों पर पहुंचने लगे। मतदाताओं की लाइन लंबी होती गई और यह सिलसिला पूरे दिन चलता रहा।

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मतदान के बाद स्याही का निशान दिखाते मतदाता - फोटो : अमर उजाला
पानी से गुजरे, लाइन में लगे मगर कम नहीं हुआ उत्साह
सुबह करीब आठ बजे बारिश थम गई। बादल छाए रहे। नगरपालिका गेट, सलेमपुर कोन, गांधी विद्यालय और जिला पंचायत परिसर के मतदान केंद्र के पास जलभराव हुआ। मतदाता पानी से होकर गुजरे। बूथ के बाहर लाइन में लगे। नौ बजे के बाद धूप खिल गई तो लाइन और लंबी होती गई। शहर से सटे मीरपुर और रामापुर के मतदान केंद्र पर मतदाता कई लाइनों में खड़े थे।
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पोलिंग बूथों पर लगी कतार - फोटो : अमर उजाला
दोपहर में भी डटे रहे मतदाता
दोपहर एक बजे संपूर्णानगर के पब्लिक इंटर कॉलेज मतदान केंद्र के बूथ संख्या 55 पर महिला मतदाताओं की लंबी लाइन थी। इसी मतदान केंद्र के दूसरे बूथ पर पुरुष मतदाता भी लाइन में लगे थे। मझगई इलाके के तिलोकापुर मतदान केंद्र पर दोपहर दो बजे मतदाताओं की लाइन थी। मितौली के राजा लोने सिंह इंटर कॉलेज मतदान केंद्र पर शाम चार बजे थी मतदाता कतार में लगे थे।
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पोलिंग बूथ पर लगी कतार - फोटो : अमर उजाला
चार बजे के बाद मंद हुई मतदान की रफ्तार
सुबह और दोपहर के समय मतदान केंद्रों पर नजर आने वाली मतदाताओं की लाइन शाम चार बजे के बाद कम होने लगी। पांच बजे तक कई मतदान केंद्रों पर सन्नाटा पसर गया। बांकेगंज ब्लॉक के प्राथमिक विद्यालय गोपालपुर मतदान केंद्र पर शाम पांच बजे सन्नाटा दिखा। जिला पंचायत इंटर कॉलेज भीरा, संपूर्णानगर के संविलयन विद्यालय के सभी बूथों पर मतदाता नजर नहीं आई।
 
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युवा वोटर - फोटो : अमर उजाला
लोकतंत्र के इस महापर्व के पहली बार वोट डालने वाले युवाओं में काफी उत्साह देखने को मिला। विशेषकर युवतियों में ज्यादा रहा। कई युवा सुबह सबसे पहले बूथ पर जाकर लाइन में लग गए। अपने घर से दूर पढ़ाई या अपने प्रोफेशन में लगे युवक-युवतियां मतदान करने के लिए पहुंचे। युवाओं ने कहा कि पहली बार ईवीएम की बटन दबाने का सौभाग्य मिला है। खीरी और धौरहरा सीट पर 42 हजार से अधिक 18 से 19 वर्ष के वोटर हैं।

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महिला वोटर - फोटो : अमर उजाला
लखीमपुर खीरी जनपद का मतदान प्रतिशत बढ़ाने में आधी आबादी का भी अहम रोल रहा। सोमवार को मतदान केंद्रों पर महिलाओं की लंबी कतारें लगी रहीं। महिला मतदाताओं ने घूंघट की ओट से जमकर वोट की चोट की।

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इनसे हैं लोकतंत्र की ताकत - फोटो : अमर उजाला
लोकतंत्र के महापर्व में प्रतिभाग करने में बुजुर्ग भी पीछे नहीं रहे। बुजुर्गों ने भी उत्साहपूर्वक मतदान किया। बुजुर्गों ने कहा कि लोकतंत्र को मजबूर बनाने के लिए इससे अच्छा अवसर कोई नहीं मिलता है। ऐसे में वह मतदान से क्यों पीछे रहें। बिजुआ के पड़रिया तिलकापुर में बुजुर्ग महादेव सिंह को लेकर उनकी पत्नी कमला सिंह पोलिंग बूथ पहुंचीं। दंपती ने लोकतंत्र के पर्व में अपनी भागीदारी की।  
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दिव्यांग वोटर - फोटो : अमर उजाला
दिव्यांगजनों में भी मतदान को लेकर काफी उत्साह देखने को मिला। कोई बैसाखी तो कोई ट्राइसिकल की मदद से बूथ पर वोट डालने पहुंचा। कुछ दिव्यांग मतदाता अपने परिजनों का सहारे बूथ पर पहुंचे। गोविंदनगर के दिव्यांग संजय यादव बैसाखी की मदद से बूथ पर पहुंचे। सलेमपुर के अमित दोनों पैरों से दिव्यांग हैं, जो ट्राइसिकल पर सवार होकर पहुंचे। मीरपुर के रसौरा निवासी छोटू का बाया पैर फैक्चर है, फिर भी वह अपनी जिम्मेदारी निभाने से पीछे नहीं हटे और मतदान किया।
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