Bareilly News: बरेली में एक नशेड़ी ने खंडहर में मासूम को फेंक दिया। रोने की आवाज सुनकर अभिनेत्री दिशा पाटनी की मेजर बहन ने वहां पहुंची और उसकी जान बचाई। बरेली जंक्शन पर मासूम की मां नशेड़ी को सौंपकर दूध लेने चली गई थी।
विज्ञापन
1 of 8
खुशबू पाटनी ने बचाई बच्ची की जान
- फोटो : अमर उजाला
उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से हैरान करने वाली खबर सामने आई है। पुलिस लाइन के खंडहर से रोने की आवाज आ रही थी। इसी दौरान वहां से गुजर रही अभिनेत्री दिशा पाटनी की मेजर (सेवानिवृत्त) बहन खुशबू पाटनी ने वहां जाकर देखा तो होश उड़ गए। वहां, उन्हें बच्ची पड़ी मिली।
दरअसल, बरेली के जंक्शन पर रविवार सुबह नशेड़ी को बच्ची सौंपकर दूध लेने गई उसकी मां जब देर तक नहीं लौटी तो नशेड़ी बच्ची को अपने साथ ले गया। उसने बच्ची पुलिस लाइन के एक खंडहर में छोड़ दी, जिसके रोने की आवाज सुनकर अभिनेत्री दिशा पाटनी की मेजर (सेवानिवृत्त) बहन खुशबू पाटनी ने उसकी जान बचाई।
दिनभर खुशबू और उनकी मां बच्ची की देखभाल में लगी रहीं, शाम को पुलिस ने उसकी मां को खोज लिया। इस दौरान जीआरपी की भूमिका निराशाजनक रही। बिहार के मधुबनी जिला निवासी गुफरान नाम की महिला की शादी बदायूं के बिनावर में अहिरवारा में हुई है। गुफरान रविवार सुबह घर से आठ माह की बच्ची इनायत के साथ ट्रेन से बरेली आई थीं। सुबह सात बजे करीब गुफरान जंक्शन पर उतरीं। यहां से दूसरी ट्रेन पकड़कर उन्हें अपने मायके बिहार जाना था।
विज्ञापन
3 of 8
खुशबू पाटनी
- फोटो : अमर उजाला
इस दौरान बच्ची को भूख लगी तो गुफरान ने उसे जंक्शन पर बैठे एक नशेड़ी युवक को थमा दिया और थोड़ी देर में आने की बात कहकर चली गईं। बताते हैं कि करीब आधा घंटे तक नशेड़ी बच्ची को लेकर बैठा रहा। फिर उसकी मां को न आता देखकर बच्ची लेकर रेलवे लाइन किनारे चला गया। वह बच्ची को चौपुला के पास पुरानी पुलिस लाइन के खंडहर पड़े क्वार्टर में छोड़कर चला गया।
4 of 8
खुशबू पाटनी
- फोटो : अमर उजाला
बच्ची के रोने की आवाज सुनी तो पहुंचीं मां-बेटी
बरेली पुलिस से रिटायर्ड सीओ जगदीश पाटनी (अभिनेत्री दिशा पाटनी के पिता) का आवास पुरानी पुलिस लाइन की दीवार से सटा है। रविवार सुबह उनकी पत्नी पदमा पाटनी घर की सफाई कर रही थीं। उन्होंने बच्ची के रोने की आवाज सुनी तो स्वीमिंग से लौटी बेटी खुशबू पाटनी को बताया। सेना में मेजर के पद से वीआरएस लेकर करीब साल भर से माता पिता के साथ रह रहीं खुशबू तुरंत ही दीवार कूदकर उस पार गईं तो खंडहर में बच्ची रोती मिली। तब उन्होंने मां को भी बुला लिया।
विज्ञापन
5 of 8
खुशबू पाटनी बच्ची के साथ
- फोटो : इंस्टाग्राम
खुशबू ने कॉल करके पिता जगदीश पाटनी को फार्म हाउस से बुला लिया। उन्होंने सीओ प्रथम पंकज श्रीवास्तव को सूचना दी और फिर बच्ची को चाइल्ड लाइन की देखरेख में जिला अस्पताल के बच्चा वार्ड में भर्ती करा दिया गया। खुशबू ने बाजार जाकर कुछ कपड़े खरीदे जो बच्ची को पहना दिए।
विज्ञापन
6 of 8
खंडहर में मिली थी मासूम बच्ची
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने फुटेज देखी, जीआरपी मूकदर्शक रही
बच्ची के अस्पताल पहुंचने के बाद कोतवाली पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी कैमरे तलाशने शुरू किए। इस दौरान खुशबू भी साथ में रहीं। उधर, बच्ची की मां गुफरान जंक्शन पर भटकती रही, लेकिन जीआरपी या आरपीएफ ने कोई सुध नहीं ली। थक हारकर महिला कोतवाली आई तो उसे बच्ची दिखाकर पहचान कराई गई। गुफरान अपनी बच्ची को पाकर खुशी से फूली न समाई। चाइल्ड लाइन की ओर से बच्ची विधिवत मां को सौंपने के प्रयास शुरू हो गए।
विज्ञापन
7 of 8
बच्चा वार्ड
- फोटो : अमर उजाला
बच्ची की हालत ठीक
बच्ची जिला अस्पताल में आई थी। उसका चेकअप किया गया। उसकी हालत ठीक थी। कोई खास चोट या जख्म नहीं मिला। दोपहर तीन बजे करीब चाइल्ड लाइन की टीम उसे साथ ले गई। - डॉ. संदीप गुप्ता, बाल रोग विशेषज्ञ
खुशबू पाटनी ने बचाई बच्ची की जान
- फोटो : अमर उजाला
लावारिस हालत में मिली बच्ची की मां बाद में मिल गई। वह जंक्शन पर उसे अपरिचित युवक को देकर चली गई थी। चाइल्ड लाइन के जरिये उसे मां को सौंपा जा रहा है। बच्ची की हालत बिल्कुल ठीक है। स्थानीय लोगों की सजगता की वजह से भी बच्ची को मां से मिलाना आसान हुआ। - पंकज श्रीवास्तव, सीओ सिटी प्रथम