मान्यताओं के अनुसार, धनतेरस पर धातु खरीदने से घर में सुख-समृद्धि और धन-धान्य बरकरार रहता है। इसके चलते सोने-चांदी के सिक्कों से लेकर गाड़ियों, बर्तनों और घरेलू उपकरणों की खरीदारी और डिलीवरी हुई। बाजार में नए डिजाइन के एल्युमीनियम, तांबे और पीतल के बर्तनों की भी अच्छी मांग बनी रही।
बिक्री में हिट रहे हल्के वजन के जेवर
सराफा बाजार में सुबह से देर रात तक कतार लगी रही। सराफा कारोबारी अनिल पाटिल ने बताया कि इस वर्ष जनवरी से अब तक सोने-चांदी की कीमतों में 60 फीसदी से ज्यादा की बढ़त हो चुकी है। व्यापारी सुदेश अग्रवाल ने बताया कि कीमतों में बढ़त को देखते हुए इस बार एक ग्राम से कम वजन की इयर रिंग्स, नोज पिन, अंगूठी और एक तोले तक के हल्के हार बिक्री में हिट रहे। प्रमाणित पुराने सिक्के भी खूब बिके। सोने की टेंपल ज्वेलरी, कड़े, कंगन, चूड़ी, कान की बड़ी बालियां, झुमके, मांग टीका की भी खूब मांग रही।
नौ सौ कारों और 6000 बाइकों की हुई डिलीवरी
ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी मां लक्ष्मी की कृपा जमकर बरसी। वाहन कारोबारी अल्पित अग्रवाल ने बताया कि त्योहारी सीजन को देखते हुए वाहनों की बुकिंग काफी पहले ही शुरू हो गई थी, जिनकी डिलीवरी धनतेरस से लेकर भाईदूज तक की जाएगी। धनतेरस पर जिलेभर में 900 कारें और 6000 दोपहिया वाहन बिकने का अनुमान है। कारों में आ रहे नए और आधुनिक फीचर्स ग्राहकों को काफी आकर्षित कर रहे हैं। इसके चलते ऑटो सेक्टर में इस बार बंपर बिक्री दर्ज की जा रही है।