कारगिल विजय दिवस: हवलदार नीवेन्द्र भदौरिया
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बिग्रेडियर समीर भदौरिया, हवलदार नीवेंद्र सिंह भदौरिया समेत रुदमुली के सात रणबांकुरे कारगिल जंग में लडे़ थे। इससे पूर्व पहले विश्व युद्ध में बाह क्षेत्र के 82 सपूतों ने भाग लिया। छह शहीद हुए। दूसरे विश्व युद्ध में 90 जवान शामिल हुए थे। चार शहीद हुए। 1947-48 के कश्मीर युद्ध में 52 में से दो जवान शहीद हुए थे। 1962 में रघुवीर सिंह, 1965 में बृजराज सिंह, 1971 में जसकरन सिंह शहीद हुए।