अनामिका शुक्ला प्रकरण में फर्जीवाड़े के मास्टरमाइंड को गोंडा पुलिस ने कासगंज न्यायालय में पेशी के लिए निर्धारित तारीख को पेश नहीं किया। सोरों कोतवाली पुलिस अब फिर से न्यायालय में प्रार्थनापत्र दाखिल करेगी।
बेसिक शिक्षा विभाग में गोंडा की अनामिका शुक्ला के नाम पर प्रदेश के कई जिलों में शिक्षिकाएं नौकरी करती रहीं। इस फर्जीवाड़े का मास्टमाइंड मैनपुरी निवासी पुष्पेंद्र को 17 जून को एसटीएफ और गोंडा पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया था।
कासगंज में सबसे पहले अनामिका शुक्ला के नाम से नौकरी कर रही सुप्रिया की गिरफ्तारी हुई थी। इसी के चलते सोरों पुलिस ने जून में ही पुष्पेंद्र को रिमांड में लेने के लिए न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया था।
न्यायालय ने चार अगस्त को पेशी की तारीख नियत की थी। लेकिन गोंडा पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश ही नहीं किया। अब सोरों कोतवाली पुलिस फिर से प्रार्थना पत्र दाखिल कर तिथि निर्धारित कराने का प्रयास करेगी।
निर्धारित तिथि पर मास्टरमाइंड पुष्पेंद्र न्यायालय में पेश नहीं हो सका। पेशी न होने का कारण स्पष्ट नहीं है, लेकिन फिर से न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया जाएगा। - रविंद्र बहादुर, कोतवाली प्रभारी, सोरों।