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Electoral Ink Rules: अगर नहीं हैं मतदाता की अंगुलियां, तो जानें कहां लगाई जाती है चुनावी स्याही

Thu, 10 Feb 2022 11:37 AM IST
प्रकाश चंद जोशी यूटिलिटी डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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चुनावी स्याही क्यों लगाई जाती है अंगुली में - फोटो : istock
आज यानी 10 फरवरी 2022 से उत्तर प्रदेश में पहले चरण की वोटिंग शुरू हो चुकी है। सुबह 7 बजे से लोग अपने मताधिकार का इस्तेमाल करते हुए अपने पसंदीदा उम्मीदवार को वोट देने के लिए पोलिंग बूथ पर पहुंच रहे हैं। नोएडा, गाजियाबाद, मथुरा और आगरा जैसी अन्य जगहों पर लोग वोट कर रहे हैं। चुनाव का पहला चरण है और अभी कई चरण बाकी हैं। वहीं, जब आप पोलिंग बूथ पर वोट करने जाते हैं, तो आपने देखा होगा कि मतदाता की अंगुली पर एक स्याही लगाई जाती है। इससे पहचान की जाती है कि कौन लोग वोट डाल चुके हैं, और ये लोग दोबारा वोटिंग न कर पाएं। इसलिए इस तरह की व्यवस्था की होती है। लेकिन क्या आपने कभी ये सोचा है कि अगर मतदाता की अंगुली ही नहीं है, तो फिर उसके स्याही कहां पर लगाई जाती है? शायद नहीं, अगर आप ये जानना चाहते हैं तो चलिए हम आपको इस बारे में बताते हैं। आप अगली स्लाइड्स में इस बारे में जान सकते हैं...
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चुनावी स्याही क्यों लगाई जाती है अंगुली में - फोटो : istock
कौन सी अंगुली में लगाई जाती है स्याही?
  • दरअसल, जो लोग वोट डालते हैं, उनके लिए चुनाव आयोग की अपनी गाइडलाइंस है। इसके मुताबिक वोट करने वाले व्यक्ति के बाएं हाथ की तर्जनी अंगुली पर स्याही लगाई जाती है। ब्रश से नाखून के ऊपर से पहली गांठ तक अमिट स्याही लगाई जाती है।
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चुनावी स्याही क्यों लगाई जाती है अंगुली में - फोटो : istock
क्यों लगाई जाती है अंगुली पर स्याही?
  • वोट करने वाले मतदाता की तर्जनी अंगुली पर इसलिए चुनावी स्याही लगाई जाती है, ताकि कोई व्यक्ति दोबारा से वोट न कर पाएं और फर्जीवाडे को रोका जा सके। वहीं, अगर कोई व्यक्ति इस स्याही को मिटाने की कोशिश करे, तो वो ऐसा नहीं कर पाता क्योंकि ये चुनावी स्याही कई दिनों तक अंगुली से नहीं छूटती है।

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चुनावी स्याही क्यों लगाई जाती है अंगुली में - फोटो : istock
जिनकी उंगलियां न हो, उनके कहां लगती है स्याही?
  • अगर किसी व्यक्ति के बाएं हाथ की तर्जनी अंगुली नहीं है, तो ऐसी स्थिति में उसके बाएं हाथ की किसी भी अंगुली पर स्याही लगाई जा सकती है। लेकिन अगर बाएं हाथ पर कोई भी अंगुली नहीं है, तो फिर दाएं हाथ की तर्जनी अंगुली पर ही स्याही लगाई जाती है।
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चुनावी स्याही क्यों लगाई जाती है अंगुली में - फोटो : istock
अगर नहीं है हाथ?
  • अगर किसी व्यक्ति के दाएं हाथ में तर्जनी अंगुली नहीं है, तो उसके दाएं हाथ की किसी भी अंगुली पर चुनावी स्याही लगाई जा सकती है। लेकिन अगर दोनों हाथों में कोई भी अंगुली नहीं है, तो फिर दोनों हाथ के किसी भी हिस्से पर चुनावी स्याही लगाई जा सकती है। वहीं, अगर व्यक्ति के दोनों हाथ ही नहीं है, तो पैर के अंगूठे पर चुनावी स्याही लगाई जाती है।
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