ओशो का जन्म 11 दिसंबर 1931 को मध्यप्रदेश के रायसेन जिले में हुआ था। इनका मूल नाम रजनीश था। ओशो ने धर्म, समाज, विज्ञान, अध्यात्म आदि विषयों पर खुल कर अपने विचार प्रकट किए। इनके द्वारा दी गई शिक्षा आज के समय में भी प्रासंगिक है। मूल रूप से इन्होंने लोगों को अध्यात्म के प्रति जागरूक करने का कार्य किया। इस कारण ओशो को आध्यात्मिक गुरु भी कहा जाता है। अध्यात्म की वकालत करते हुए इन्होंने धार्मिक पाखंड के ऊपर खुल कर अपने विचार व्यक्त किए। इनके क्रांतिकारी विचार से देश-दुनिया में करोड़ों लोग प्रभावित हुए और हजारों-लाखों की संख्या में भारत आने लगे। ओशो ने पूर्व के अध्यात्म और पश्चिम के भौतिकवाद को एक करने की बात कही। ओशो का मानना था कि व्यक्ति को बाहर और भीतर दोनों जगह से संपन्न होना चाहिए। पश्चिम का भौतिकवाद मनुष्य की बाहरी जरूरतों को पूरा करेगा और पूर्व की आध्यात्मिक विरासत उसको आंतरिक शांति प्रदान करेगी। ऐसे में आइए जानते हैं ओशो के उन सर्वश्रेष्ठ विचारों को, जो आपके जीवन को बदल देंगे।