आचार्य चाणक्य
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यज्ञोपवीत धारण कराने वाला पुरोहित
सनातन धर्म में एक व्यक्ति के जन्म से पूरे जीवन में 16 संस्कार बताए गए हैं। यज्ञोपवीत इन 16 धार्मिक रूप से 16 संस्कारों में से बहुत ही महत्वपूर्ण संस्कार है। धार्मिक शास्त्रों के अनुसार यज्ञोपवीत एक तरह से व्यक्ति का दूसरा जन्म होता है, इसलिए यज्ञोपवीत कराने वाला पुरोहित पिता के समान माना जाता है जो पुरोहित आपका यज्ञोपवीत करवाए उसका सम्मान सदैव पिता के समान करना चाहिए।