हिंदू पंचांग के अनुसार प्रत्येक माह में शुक्ल पक्ष की अंतिम तिथि को पूर्णिमा आती है। इस तरह के पूरे वर्ष में 12 पूर्णिमा तिथि आती हैं। इस दिन चंद्रमा अपनी पूर्ण कलाओं के साथ उदय होता है, इसलिए सनातन धर्म में यह तिथि अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। इस बार ज्येष्ठ मास की पूर्णिमा तिथि 24 जून 2021 दिन गुरुवार को पड़ रही है। आम बोलचाल की भाषा में इसे जेठ पूर्णिमा या जेठ पूर्णमासी भी कहा जाता है। वर्ष भर में पड़ने वाली 12 पूर्णिमा तिथि में से ज्येष्ठ पूर्णिमा का विशेष महत्व माना जाता है। पूर्णिमा तिथि को चंद्र पूजन के साथ भगवान विष्णु की पूजा के लिए भी बहुत खास माना जाता है इसी के साथ गुरुवार का दिन भी भगवान विष्णु के समर्पित किया जाता है, इसलिए गुरुवार के दिन ज्येष्ठ पूर्णिमा पड़ने के कारण यह तिथि और भी ज्यादा खास मानी जा रही है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा करना विशेष फलदायी रहेगा। अन्य पूर्णिमा तिथियों के समान ही ज्येष्ठ पूर्णिमा पर भी पवित्र नदी या कुंड में स्नान करने और दान करने का बहुत महत्व माना गया है। पूर्णिमा तिथि चंद्रमा, भगवान के साथ ही मां लक्ष्मी की भी प्रिय मानी जाती है। इस दिन यदि आप कुछ उपाय करते हैं तो आपको धन-धान्य की कोई कमी नहीं रहती है और मनोकामनाओं की पूर्ति होती है। तो आइए जानते हैं ज्येष्ठ पूर्णिमा शुभ मुहूर्त और उपाय।