Hindu Marriage wedding rituals: हिंदू धर्म में, विवाह दो व्यक्तियों को पुरुषार्थ या जीवन के चार लक्ष्यों: धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष को संयुक्त रूप से आगे बढ़ाने के उद्देश्य से जोड़ता है। विवाह को एक आध्यात्मिक साझेदारी माना जाता है जो इस और भविष्य के जीवन में भागीदारों के मन, शरीर और आत्माओं को एकजुट करता है, और उनके दो परिवारों के बीच पवित्र बंधन बनाता है। हिंदू विवाह समारोह के कई तत्व हजारों वर्षों से लगभग अपरिवर्तित रहे हैं। इस समारोह में धार्मिक जीवन और निस्वार्थ प्रेम, दया और करुणा, ईमानदारी और निष्ठा और आपसी सम्मान जैसे मूल्यों को साझा करने को बढ़ावा देने के लिए अनुष्ठानों और समारोहों की एक श्रृंखला शामिल है। अनुष्ठान मूल रूप से सभी भारतीय भाषाओं की जननी संस्कृत में हैं। हिंदू विवाह में अग्नि के सात फेरे लेने की परंपरा है। विवाह के दौरान लड़के और लड़की की गठबंधन की परंपरा है। इस गठबंधन के दौरान कन्या की साड़ी के पल्लू को वर की धोती या गमछे के छोर से बांधा जाता है उसमें कुछ चीजें डाली जाती है। आइए जानते हैं इस गठबंधन के दौरान वधू के आंचल में कौन सी पांच चीजें डाली जाती हैं और क्यों।