पारंपरिक वाद्य यंत्रों की मधुर ध्वनि पर झूमते देवलु देवरथों के साथ रथ मैदान में पहुंचे। चांदी व सोने के रथों पर विराजमान सैकड़ों देवी-देवता रथ के इर्द-गिर्द एकत्रित होते रहे। राज वेशभूषा में राजपरिवार के लोग भी पहुंच गए। वहीं, रथ पर सवार भगवान रघुनाथ और जय श्री राम के जयकारों से गूंज उठा। अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा के शुभारंभ मौके पर निकाली गई रथ यात्रा के दौरान रथ मैदान में कुछ ऐसा ही नजारा दिखा।