मुरैना में लाड़ली बहना सम्मेलन और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार कार्यक्रम में
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान नए अंदाज में सामने आए। उन्होंने ‘फूलों का, तारों का सबका कहना है, एक हजारों में मेरी प्यारी बहना है’ गीत गुनगुनाया। अपनी बहनों से भी गंवाया। फिर बोले कि आओ मेरी बहनों, एक नया जमाना बनाएं। जहाँ मेरी बहन, बेटी और उनका परिवार सुखी हो। सब भैया का सहयोग करें। आपकी मुस्कुराहट से मेरी जिंदगी सफल हो जाएगी। हम साथ मिलकर प्रदेश का विकास करें और अपनी जिंदगी बदलें।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा पिछले तीन वर्ष में प्रदेश में स्वास्थ्य विभाग में जो काम हुआ है वह पिछले 50 वर्ष में भी नहीं हुआ। हमारी सरकार ने स्वास्थ्य विभाग का बजट बढ़ाकर 11 हजार 988 करोड़ रुपये कर दिया है। प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का तेज गति से विस्तार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि लंबे समय तक बेटियों के साथ अन्याय हुआ है। बेटे को परिवार का सहारा और बेटी को बोझ समझा जाता था। बेटी जिंदा रहने तक अपने मां-बाप का साथ देती है। हमने मध्यप्रदेश में विभिन्न योजनाओं से बेटियों को सशक्त किया है। अब मध्यप्रदेश में बेटियाँ मजबूर नहीं मजबूत हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि काफी सोच-विचार के बाद प्रदेश में लाड़ली बहना योजना लागू की गई है। यह बहनों की जिंदगी बदलने की योजना है। उन्होंने जन-प्रतिनिधियों और अधिकारियों से कहा कि यह सेवा का कार्य है पूरे समर्पण के साथ करें, जीवन धन्य हो जाएगा। एसपी को निर्देश दिए कि यह सुनिश्चित किया जाए कि योजना का लाभ बहनों को देने में कोई भी उनसे एक पैसा भी न ले पाए। यदि कोई ऐसा करता है तो उसे हथकड़ी लगा कर जेल पहुँचाया जाएगा।
मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि 30 अप्रैल तक इस योजना के फार्म भरे जा रहे हैं। मई में आवेदनों का परीक्षण और 10 जून से बहनों के खाते में पैसे आना प्रारंभ हो जाएंगे। योजना का लाभ 23 से 60 वर्ष की उन सभी बहनों को दिया जाएगा, जिनके परिवार की मासिक आय 20 हजार रुपये से अधिक न हो, घर में चार पहिया वाहन न हो और पांच एकड़ से अधिक कृषि भूमि न हो। योजना के फार्म हर गांव, वार्ड में भरे जा रहे हैं। योजना का लाभ सभी आशा, उषा और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को भी मिलेगा।