शहर के प्रसिद्ध डॉक्टर्स ने भी अपने विचार रखे।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल, इंदौर
पैरेंट्स बोले हम परिवार की शादियों में नहीं गए, नौकरियां छोड़ी
टॉक शो में पहुंचे पासआउट स्टूडेंट्स के पैरेंट्स भी परेशान दिखे। सभी ने कहा कि हमने अपने बच्चों की पढ़ाई के लिए दिनरात समझौते किए। पैरेंट्स ने कहा कि हम परिवार की शादियों में नहीं गए, कुछ मदर्स ने बताया कि उन्होंने अपनी नौकरियां छोड़ी और दिनरात बच्चों की पढ़ाई पर फोकस किया। जब रिजल्ट आया और बच्चे अच्छे नंबरों से पास हुए तो सभी खुश थे। अब सभी तनाव में हैं कि कल पता नहीं क्या होगा।
पीएम मोदी और सुप्रीम कोर्ट को पत्र लिखेंगे छात्र
स्टूडेंट्स ने कहा कि देशभर के स्टूडेंट्स को एकजुट करके वे सुप्रीम कोर्ट और पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखेंगे। इसमें मांग करेंगे की दोबारा परीक्षा नहीं होना चाहिए। इसके साथ वे सोशल मीडिया पर भी इसके लिए कैंपेन शुरू करेंगे।
शहर के प्रसिद्ध डॉक्टर्स ने भी अपने विचार रखे
शहर के प्रसिद्ध डॉक्टर्स ने अपने विचार रखे और कहा कि कड़े कानून बनना चाहिए और दोषियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए। लगातार देश में पेपर लीक हो रहे हैं और सरकार और प्रशासन हाथ पर हाथ धरे बैठा है। यदि इसी तरह चलता रहा तो देश के युवाओं का देश की शिक्षा व्यवस्था से विश्वास ही उठ जाएगा।
अमर उजाला पैनल
नीट के पास आउट छात्र
अवनीश मेहता, आयुष पाहूजा, अर्णव पांडे, यश मेहता, ऋषि शुक्ला, शयान अहमद, गौरी अग्रवाल, कनिष्क राज सिंह देवड़ा
शहर के प्रमुख डॉक्टर्स
डॉ अजीत सिंह देवड़ा, डॉ निर्भय मेहता, डॉ रजनीश मेहता, डॉ सगीर अहमद, डॉ विनीत पांडे, डॉ अनिल पाहूजा, डॉ भूपेंद्र सिंह शेखावत, डॉ जीवन अग्रवाल
नीट पासआउट स्टूडेंट्स की मदर्स
डॉ प्रियंका पांडे, ज्योति पाहूजा, वीणा शुक्ला, चंद्रश्री अग्रवाल, श्रद्धा देवड़ा, स्मिता मेहता